विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपी को भेजा जेल
महराजगंज. मुख्यमंत्री का ओएसडी बनकर रंगदारी वसूलने वाले को पीपीगंज पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। फर्जी सीएम ओएसडी ने पीपीगंज के नगरपंचायत अध्यक्ष समेत दर्जनों लोगों से रंगदारी मांगी थी। आरोपी के बारे में जब गोरखनाथ मंदिर प्रबंधन के जांच पड़ताल की गई तो उसकी असलियत सामने आ गई। जिसके बाद मामले की शिकायत पुलिस से की गई।
पीपीगंज के चेयरमैन गंगा प्रसाद जायसवाल से मुख्यमंत्री योगी के OSD बल्लू राय के नाम पर विक्की उर्फ विक्रांत मद्धेशिया नामक जालसाज ने रंगदारी मांगी थी। विक्की गोरखपुर जनपद मे खजनी थाना छेत्र के खुटभार का निवासी है
इससे पहले भी बल्लू राय के नाम पर उसने कई नामचीनों से वसूली की है। उसके झांसे में पूर्व विधायक, पूर्व ब्लाक प्रमुख तक आ चुके हैं। मिली जानकारी के अनुसार उसने जब गोरखपुर के जिला पंचायत अध्यक्ष के पति मनुरोजन यादव से रंगदारी मांगी तो उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की। इसके बाद पुलिस ने शिकायत दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी और जांच के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया।
बतादें कि नगरपंचायत अध्यक्ष को 21 दिसम्बर को किसी ने काल कर के खुद को सीएम का ओएसडी बल्लू राय बताया और नगर पंचायच अध्यक्ष श्री राय से मिलकर मिठाई खिलाने की बात कहीं। पुन: 23 दिसम्बर को काल आया और पैसे की मांग की गयी। इस बार पैसा ना देने पर अंजाम भुगतने की भी धमकी दी गई।
इसके बाद नगर पंचायत अध्यक्ष ने पीपीगंज थाने में तहरीर दी। पुलिस ने इस संबंध मे लखनऊ से दो युवकों को हिरासत में लेकर पूंछताछ की तो सामने आया कि ओएसडी के नाम का दुरुपयोग किया गया है। गिरफ्तार युवकों ने भी रंगदारी मांगने की बात को कबूल किया है ।
पुलिस ने आरोपी विक्की के खिलाफ 468, 384, 419, 420, 467, 471 के अलावा 207 एम वी ऐक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत किया है। विक्की की बाइक पर सीएम योगी का बड़ा सा फोटो भी चस्पा पाया गया। उसके पास से योगी के साथ फोटो भी बरामद हुआ है।