नंदगाँव के नंद महल मंदिर में जोहर की नमाज़ पढ़ते दो लोगों की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसके बाद हिंदूवादी संगठनों में आक्रोश है।
मथुरा. नंदगाँव के नंद महल मंदिर में जोहर की नमाज़ पढ़ते दो लोगों की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसके बाद हिंदूवादी संगठनों में आक्रोश है। तस्वीर में नंदगांव के नंद महल मंदिर में साइकिल पर ब्रज 84 कोस की यात्रा पर निकले दो मुस्लिम यात्री फ़ैसल खान और मुहम्मद चांद जोहर की नमाज अदा करते दिख रहे हैं।
मामला शनिवार का बताया जा रहा है। वे गाँधी वादी कार्यकर्ता नीलेश गुप्ता और अलोक रत्ना के साथ इस यात्रा पर हैं। शनिवार दोपहर यह लोग नंदगांव पहुंच गए। जहां दोपहर दो बजे नमाज़ का वक्त हुआ। बताया जा रहा है कि मंदिर के प्रधान पुजारी ने ही उन्हें मंदिर में नमाज पढ़ने की इजाजत दी थी। उन्होंने दोनों से कहा कि ये भी तो भजन की जगह है यहीं नमाज पढ़ लीजिए। इस पर कौमी एकता मंच के मधुबन दत्त चमक चतुर्वेदी का कहना है कि भाईचारे की मिसाल पेश करते हुए मंदिर के लोगों ने उन्हें नमाज करने की अनुमति दे दी थी।
हिंदूवादी संगठन नाराज-
इससे हिंदूवादी संगठनों में हलचल पैदा हो गयी है। हिंदूवादी लोगों के अंदर मंदिर में पढ़ी गयी नमाज को लेकर आक्रोश देखने को मिल रहा है। उनका कहना है की मंदिर में नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं देनी चाहिए थी। लोगों ने ये भी कहा कि क्या ये लोग मस्जिद में आरती करने देंगे, घंटे और घड़ियाल मस्जिद में बजाने की मौलाना अनुमति दे सकता है।