मेरठ में कई थानों की पुलिस उसके घर बजाती थी हाजिरी, मिला हुआ था एक्सकार्ट्स यूनाइटेड नेशन के लोगो लगी गाड़ी में चलती थी यह फर्जी महिला आईएफएस अफसर फर्जी अफसर के लैपटाॅप से संदिग्ध मैसेज मिलने के बाद एनआर्इए जांच में जुटी
मेरठ। गाड़ी पर यूनाइटेड नेशन का लोगो लगाकर खुद को आईएफएस अफसर बताने वाली महिला की जब पोल खुली तो पुलिस के साथ लोग भी दंग रह गए। यह महिला कई साल से पुलिस-प्रशासनिक अमले को धोखा देती आ रही थी। इस फर्जी महिला आईएफएस अफसर को नोएडा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मेरठ की रहने वाली यह महिला अपने पति के साथ मेरठ, नोएडा, गाजियाबाद, मुरादाबाद सहित कई जिलों के पुलिस अफसरों को धोखा देकर सरकारी सुविधाओं का लाभ लेती रही। इस फर्जी महिला अफसर के साथ सरकारी गनर व एस्कॉर्ट भी चलती थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक जोया के लैपटॉप में कई ऐसी जानकारी मिली हैं, जिससे सुरक्षा संबंधित कई राज खुले हैं। उसने अफगानिस्तान को भी संदेश भेजे हैं। जोया का मकसद क्या था, इसको जानने के लिए सुरक्षा एजेंसियां भी जोया से पूछताछ करने में जुटी हैं। एनआईए ने नोएडा में जाकर जोया से पूछताछ की है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि जोया का कनेक्शन पाकिस्तान से तो नहीं है, इसकी सुरक्षा एजेंसियां जांच पड़ताल करने में जुटी हैं।
पुलिस जांच में पाया गया कि महिला के संबंध विदेश में भी है। इससे विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। महिला ने अपने को आर्इएफएस अफसर बताते हुए कानपुर के एक ज्वांइट कमिश्नर के बेटे से शादी की। पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया है। महिला मेरठ के एक डॉक्टर की बेटी है और उसके मेरठ, दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा समेत कई जगह फ्लैट हैं।
पीएम की सुरक्षा में चूक से खुली पोल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मेरठ यात्रा के दौरान इस फर्जी अफसर ने दो पुलिस एस्कॉर्ट ले ली थी। यह पीएम की सुरक्षा में चूक का एक बड़ा मामला है। कैंट स्थित तिवारी कंपाउंड में डॉ. अयूब खान का परिवार रहता है। डॉ. अयूब की बेटी जोया खान खुद को आईएफएस बताकर एक्सयूवी गाड़ी में नीली बत्ती लगाकर चलती थी। जोया खान खुद को प्रधानमंत्री की स्पेशल सुरक्षा में प्रमुख सचिव के पद पर बताती थी। मेरठ आगमन पर मेरठ पुलिस ने जोया खान को पीएसओ (प्राइवेट सिक्योरिटी ऑफिसर) दरोगा मोहम्मद आसिफ दिया हुआ था। कई जिलों की पुलिस इस महिला को अफसर समझकर वीआईपी सुविधा देती थी। जोया खान करीब सात साल से निशांत निवासी वाराणसी के साथ रहती थी। जोया खान का नोएडा में भी फ्लैट बताया गया है। जोया खान ने वीआईपी सुविधा न मिलने पर एसएसपी गौतमबुद्ध नगर पर रौब जमायाा था। जिस पर एसएसपी नोएडा वैभव कृष्ण को शक हुआ। एसएसपी के निर्देश पर नोएडा पुलिस जोया खान के फ्लैट में पहुंची।
शुरूआत में जोया खान ने पुलिस को आड़े हाथों ले लिया। जब पुलिस ने फ्लैट में तलाशी लेनी शुरू की तो पोल खुल गई। पुलिस ने जोया खान को गिरफ्तार कर लिया। फ्लैट से एपल के 4 लैपटॉप समेत अन्य सामान को पुलिस ने कब्जे में लिया। पुलिस ने पति निशांत को भी हिरासत में लिया है। पूरा मामला खुलने के बाद से मेरठ स्थित जोया खान के आवास पर सन्नाटा छाया हुआ है। मीडियाकर्मियों के पहुंचने के बाद वहां मौजूद एक बुजुर्ग ने बताया कि पूरा परिवार बाहर गया हुआ है। एडीजी प्रशांत कुमार का कहना है कि 30 मार्च को इस मामले का पता चला, फर्जी महिला अफसर की गिरफ्तारी हो चुकी है आैर इसकी जांच एनआर्इए को सौंप दी गर्इ है।