खास बातें बेटी के परिजनों के साथ एसएसपी के कार्यालय किया प्रदर्शन आरोपियों पर समझौते के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया कोर्ट ने मामले का संज्ञान लेते हुए पुलिस को लगाई फटकार
मेरठ। शास्त्रीनगर के-ब्लाक में पुलिस उत्पीड़न और मारपीट का शिकार हुआ सीआरपीएफ कमांडो का परिवार अब परेशान हाल है। अपनी गर्दन फंसती देख पुलिस ने सीआरपीएफ कमांडो को तो जेल से छोड़ तो दिया, लेकिन अब कमांडो पत्नी की हालत गंभीर है। कमांडो के परिवार पर लगातार मुसीबतों का पहाड़ टूट रहा है। मेडिकल थाना पुलिस की पिटाई से घायल हुई कमांडो की पत्नी की हालत गंभीर है। उनका इलाज करने से मेरठ के चिकित्सकों ने मना कर दिया है। चिकित्सकों का कहना है कि यह पुलिस केस है इसको वे अपने हाथ में नहीं ले सकते।
आरोपी परिवार पर बना रहा है दबाव
कमांडो की बेटी और अन्य परिजनों ने आज एसएसपी कार्यालय पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। कमांडो के परिजनों का कहना था कि मां और बेटे की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है। आरोप लगाए कि पुलिस द्वारा पीड़ितों का मेडिकल न कराए जाने के कारण शहर के चिकित्सकों ने पीड़ितों का इलाज करने से इनकार कर दिया है। इसी के साथ ही आरोपी लगातार उन पर फैसले का दबाव बना रहे हैं। एसएसपी ने सिविल लाइन सीओ को पीड़ितों का इलाज कराने के निर्देश दिए हैं।
मामले में फंसती जा रही पुलिस
पूरे मामले में अब पुलिस की गर्दन फंसती नजर आ रही है। कमांडो से मारपीट के बाद जो फर्जी मुकदमे ऊपर दर्ज किए गए थे, कोर्ट ने उनको संज्ञान में लेते हुए पुलिस को फटकार लगाई है। दूसरी ओर, सच संस्था के संदीप पहल भी मेडिकल थाने रिपोर्ट दर्ज कराने पहुंचे थे, लेकिन उनकी रिपोर्ट दर्ज करना तो दूर पुलिस ने तहरीर भी नहीं ली। जिस पर उन्होंने एसएसपी को स्पीड पोस्ट से प्रार्थना पत्र रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए भेजा है। उनका कहना है कि अगर एसएसपी भी रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश नहीं देते हैं तो वे कोर्ट के माध्यम से आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाएंगे।