
कातिल पत्नियां। फोटो सोर्स-पत्रिका न्यूज
Murder By Sanke Case Row Meerut: उत्तर प्रदेश के मेरठ में पिछले एक साल के दौरान पति-पत्नी के रिश्तों से जुड़े कई सनसनीखेज हत्याकांड सामने आए हैं। इन मामलों में पत्नियों पर अपने प्रेम संबंधों के चलते पति की हत्या कराने या हत्या की साजिश रचने के आरोप लगे। अब ऐसे ही चर्चित महिला कैदी मेरठ जिला जेल की एक ही बैरक में बंद हैं। जेल प्रशासन का कहना है कि इन्हें एक साथ रखकर निगरानी और सुधारात्मक गतिविधियों को बेहतर तरीके से संचालित किया जा सकेगा।
जेल प्रशासन ने पति की हत्या के आरोप में बंद 5 महिला कैदियों को एक ही बैरक में रखा है। इनमें नीले ड्रम हत्याकांड की आरोपी मुस्कान, सांप से डसवाने के मामले में चर्चित अंजलि उर्फ दामिनी, रविता, कोमल और एक अन्य महिला शामिल हैं। प्रशासन का मानना है कि एक ही स्थान पर रखने से इनकी गतिविधियों पर नजर रखना आसान होगा और सुधार कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से लागू किया जा सकेगा।
एक निजी चैनल से बातचीत के दौरान वरिष्ठ जेल अधीक्षक राजेश शर्मा ने कहा, रविता को छोड़कर अन्य महिला बंदियां नियमित रूप से जेल में आयोजित धार्मिक गतिविधियों में हिस्सा ले रही हैं। उन्हें पढ़ने के लिए रामायण भी उपलब्ध कराई गई है। हाल ही में जेल पहुंची अंजलि उर्फ दामिनी को भी जल्द रामायण उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे वह भी सुधारात्मक गतिविधियों में शामिल हो सके और सामान्य जीवन की ओर लौटने की दिशा में प्रेरित हो।
जेल सूत्रों के मुताबिक, दामिनी ने जेल पहुंचने के बाद अपने 6 साल के बेटे और परिवार के अन्य सदस्यों से मिलने की इच्छा व्यक्त की है। बताया जा रहा है कि शुरुआती दिनों में वह काफी शांत और गुमसुम रहती थी, लेकिन अब उसका व्यवहार सामान्य होता जा रहा है और वह जेल के माहौल में धीरे-धीरे खुद को ढाल रही है।
इन सभी मामलों में एक समान बात यह है कि महिलाओं पर अपने प्रेम संबंधों के चलते पति की हत्या कराने या उसकी साजिश रचने के आरोप हैं। हालांकि, प्रत्येक मामले में वारदात का तरीका अलग-अलग बताया गया है। कहीं हत्या के लिए नीले ड्रम का इस्तेमाल हुआ, कहीं जहरीले सांप से डसवाने की साजिश रची गई, तो अन्य मामलों में भी अलग-अलग तरीके अपनाए जाने का आरोप है। इन घटनाओं ने पूरे प्रदेश में व्यापक चर्चा को जन्म दिया।
मेरठ में सामने आए इन मामलों ने केवल अपराध की गंभीरता ही नहीं बढ़ाई, बल्कि वैवाहिक रिश्तों, पारिवारिक मूल्यों और सामाजिक विश्वास को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। जेल प्रशासन का कहना है कि बंदियों को सुधार की मुख्यधारा से जोड़ने के प्रयास जारी हैं, लेकिन इन घटनाओं ने समाज को रिश्तों की बदलती तस्वीर पर गंभीरता से सोचने के लिए मजबूर कर दिया है।
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Updated on:
21 Jul 2026 10:30 am
Published on:
21 Jul 2026 10:25 am
