
मेरठ। कोरोना वायरस का फैल रहा संक्रमण और लॉकडाउन के दौरान मेरठवासियों के लिए रहनुमा बनकर सामने आई मेरठ पुलिस का शनिवार को मुस्लिम बाहुल्य इलाके में स्वागत किया गया था। बता दें कि ये वही मुस्लिम इलाके हैं, जहां पर गत 20 दिसंबर को एनआरसी के विरोध में हिंसा हुई थी और मेरठ पुलिस के ऊपर पत्थर बरसाए गए थे।उसी इलाके में पुलिस के ऊपर महिलाओं, पुरुषों और बच्चों ने फूल बरसाए। बता दें कि इन दिनों कोरोना महामारी के दौरान पुलिस का नया रूप लोग देख रहे हैं। पुलिसकर्मी लोगों की मदद कर रहे हैं। शहर के विभिन्न इलाकों में गरीबों को खाना खिलाना और उनकी मदद करने में पुलिस इन दिनों प्रदेश और देश में सबसे आगे हैं।
पीएम मोदी भी अपने मन की बात में मेरठ पुलिस को जिक्र कर चुके हैं। शनिवार को जब एसएसपी अजय साहनी और अन्य अधिकारी निरीक्षण के दौरान हापुड़ अड्डे से लेकर भूमिया पुल की तरफ निकले तो इन अधिकारियों की गाड़ी के ऊपर अचानक दोनों ओर से फूलों की वर्षा प्रारंभ हो गई।
बता दें कि ये इलाका मुस्लिम बाहुल्य है और हमेशा संवेदनशील रहा है। पुलिस के ऊपर गुलाब के फूलों और गेंंदें के फूलों की वर्षा की गई। इसके बाद लिसाडी गेट चौराहे पर अधिकारियेां को बुके देकर स्वागत भी किया गया। इस दौरान मुस्लिम समुदाय के लोगों ने मेरठ पुलिस जिंदाबाद के नारे भी लगाए। मुस्लिम समुदाय के लोगों का कहना था कि पुलिसकर्मी लोगों की जान बचाने के लिए अपनी जान पर खेलकर ड्यूटी कर रहे हैं।