
मेरठ। तीन महीने बाद सराफा बाजार (Sarafa Bazar) में रौनक लौटी है, काम बढ़ा है और बाजार पटरी पर भी आ रहा है। इसकी वजह दीपावली पर चांदी के सिक्के (Silver Coins) और चांदी के लेमिनेटेड नोट (Silver Note) की मांग बढऩी मानी जा रही है। त्योहारी सीजन (Festival Season) में सोने-चांदी (Gold Silver) की मांग बढ़ जाती है, लेेकिन पिछले तीन महीने में बाजार ने जिस तरह जबरदस्त गिरावट देखी है और सोने के भाव में रिकार्ड उछाल देखा था, वैसा कभी नहीं रहा। नवरात्रि के बाद कुछ बदलाव आया और अब दीवाली (Diwali 2019) से पहले सराफा बाजारों में काफी काम बढ़ गया है। सोने-चांदी के सिक्कों और चांदी के नोटों की डिमांड (Gold Silver Demand) बढ़ गई है। सिक्कों की डिमांड इतनी बढ़ गई है कि मुंबई से ये डिमांड पूरी की जा रही है।
दीपावली पर चांदी खरीदना शुभ
मान्यता है कि दीवाली पर चांदी के सिक्के और नोट खरीदना शुभ माना जाता है और मां लक्ष्मी जी (Maa Laxmi) की घर में कृपा बरसती है। इस मान्यता के चलते चांदी के सिक्के और नोट की काफी डिमांड बाजार में है। हालांकि 19 अक्टूबर को 24 कैरेट 10 ग्राम सोने के दाम 40,053 और चांदी के प्रति किलोग्राम भाव 43,680 रुपये रहे। ये भाव पिछले तीन दिन से ठहरे हुए हैं। इसके बावजूद सोने और चांदी की डिमांड बढ़ी हुई है। शहर सराफा बाजार के ज्वैलर्स अंकुर जैन का कहना है कि दस ग्राम चांदी के सिक्कों की डिमांड काफी बढ़ गई है, क्योंकि लोग पूजन और उपहार में इन्हें देते हैं। डिमांड पूरी करने के लिए मुंबई से चांदी के सिक्के मंगवाए जा रहे हैं।
दस ग्राम से एक किलो के सिक्के
बाजार में चांदी के सिक्के इस बार कुछ नई तरह के हैं। चौकोर व अंडाकार चांदी के सिक्कों की डिमांड बढ़ी है। 10 ग्राम से लेकर एक किलो के सिक्के सराफा बाजार में बन रहे हैं। जिनकी कीमत 550 रुपये से लेकर 55 हजार रुपये तक की है। इसी तरह चांदी के नोट की भी मांग है। चांदी के हूबहू लेमिनेटेड नोट 300 से लेकर 700 रुपये तक के हैं। चांदी के सिक्के और नोट को लेकर काफी डिमांड इस दीवाली पर है। माना जा रहा है कि सराफा बाजार में क्षतिपूर्ति दीवाली तक पूरी हो जाएगी।