Highlights: -उद्यान और खाद्य प्रसंस्करण विभाग ने किसानों को सिंचाई का महत्व बताया -उन्होंने किसानों को जानकारी देते हुए बताया कि पानी की एक—एक बूंद बहुत महत्वपूर्ण है -पानी की इस बूंद के प्रति अगर सजग नहीं हुए तो वो दिन दूर नहीं जब इसके लिए परेशान होना पड़ेगा
मेरठ। जिले के उद्यान और खाद्य प्रसंस्करण विभाग ने किसानों को सिंचाई का महत्व बताया। उन्होंने किसानों को इसकी जानकारी देते हुए बताया कि पानी की एक—एक बूंद बहुत महत्वपूर्ण है। पानी की इस बूंद के प्रति अगर आज सजग नहीं हुए तो वो दिन दूर नहीं जब हमको इसके लिए परेशान होना पड़ेगा।
इसके लिए प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना "पर ड्राप मोर क्रॉप" (माइक्रो इरीगेशन) योजना वर्ष 2019-20 के अन्तर्गत दो दिवसीय मण्डल स्तरीय कृषक कार्यशाला का आयोजन चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी के नेता जी सुभाष चंद्र बोस प्रेक्षागृह में आयोजित किया गया। इस दौरान किसानों से संबंधित विभिन्न विभागों द्वारा कृषि प्रदर्शनी भी लगायी गयी। गन्ना विकास विभाग, नंगलामल चीनी मिल, और नेटाफिम द्वारा ड्रिप इरीगेशन पर प्रदर्शन स्टाल लगाया गया। किसानों को कृषि के प्रति जागरूक करने के लिए प्रचार साहित्य वितरित किया गया।
इसके अतिरिक्त रिवुलिस इरीगेशन कंपनी (rivulis) द्वारा भी ड्रिप सिंचाई के बारे में जानकारी दी गई। इस अवसर पर आयोजित कार्यशाला में ड्रिप सिंचाई के महत्ता के बारे में किसानों को बताया गया। एक समान सिचाई, कम उर्वरक, साथ ही पानी की बचत की महत्ता बताई गई। विभिन्न विभागीय योजनाओं की टपक सिचाई पर जानकारी दी गयी।