मेरठ

कांवड़ यात्रा 2018: फुलप्रूफ प्लान से होगी यूपी के इस जनपद में सुरक्षा, अबकी बार होने जा रही यह नर्इ व्यवस्था

हरिद्वार की आेर से आने लगे कांवड़िए, जनपद में बढ़ी सुरक्षा
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Updated: 2 Aug 2018, 10:29 AM IST
saharanpur news
कांवड़ियं

मेरठ। कांवड़ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था को प्रशासन और पुलिस ने चाक-चौबंद कर लिया है। सुरक्षा व्यवस्था अपने आप में ही देखकर बता रही है कि इस बार कहीं कोई चूक या कसर नहीं छोड़ी गई है। कांवड़ यात्रा की सुरक्षा के लिए जमीन पर पुलिस है तो आसमान पर ड्रोन और हेलिकाॅप्टर। इसके अलावा तीसरी आंख सुरक्षा-व्यवस्था पर नजर रखेगी वह अलग से। कांवड़ यात्रा को लेकर डीएम और एसएसपी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि इसके लिए पूरी तैयारी कर ली गई है, स्थानीय पुलिस के साथ केंद्रीय सुरक्षा बल भी मुस्तैद रहेगा।

चार अगस्त से हेलिकाॅप्टर से पेट्रोलिंग

जिलाधिकारी अनिल ढींगरा ने बताया कि 4 अगस्त से 9 अगस्त तक मंडल में हेलिकॉप्टर से कांवड़ की पेट्रोलिंग की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा सभी संवेदनशील प्वांइट के अलावा भीड़भाड़ वाले इलाके में 107 सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। गंगनहर की पटरी पर गोताखोर के साथ स्थानीय ग्रामीण को कांवड़ मित्र बनाया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि इस बार पहली बार 42 किमी लंबे कांवड़ पटरी मार्ग बिजली की व्यवस्था की गई है।

वाट्सएेप ग्रुप, सोशल मीडिया पर नजर

डीएम ने कहा कि पुलिस और प्रशासन की सोशल मीडिया पर कड़ी नजर है। इतना ही नहीं, पिछले तीन माह से सोशल मीडिया नजर रखी जा रही है, अफवाह फैलाने वालों को चिह्नित कर कार्रवाई की जाएगी।

275 वाट्सएेप ग्रुप पर नजर

एसएसपी राजेश कुमार पांडे ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान 275 व्हाट्सएेप ग्रुप पर नजर रखी जा रही है। वहीं सोशल मीडिया पर त्वरित टिप्पणी और ग्रुपों पर आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों पर भी पुलिस कड़ी कार्रवाई करेगी।

पांच कंपनी पीएसी और एक कंपनी आरएसएफ

कांवड़ मेले की सुरक्षा के लिए स्थानीय पुलिस के अतिरिक्त पांच कंपनी पीएसी और एक कंपनी आरएएफ के अतिरिक्त एक कंपनी एसएसबी और एक कंपनी बीडीएस की टीम होगी। स्थानीय अभिसूचना इकाई के चार निरीक्षकों को तैनात किया गया है। 862 आरक्षी, 18 पुलिस उपाधीक्षक, 31 इंस्पेक्टर, 136 सब इंस्पेक्टर, 71 मुख्य आरक्षी कांवड़ यात्रा मार्ग पर तैनात किए गए हैं।

ये होगी पिकेट्स संख्या

46 स्थानों पर पिकेट्स लगाई गई हैं। जिनमें से 13 नगर क्षेत्र और 33 ग्रामीण क्षेत्र में है। अतिरिक्त पिकेट्स की संख्या 36 है। जिनमें से 15 नगर क्षेत्र और 21 ग्रामीण क्षेत्र में है। संवेदनशील पिकेटस की संख्या 29 है। जिनमें 20 नगर क्षेत्र में और 9 ग्रामीण क्षेत्र में है।

इतने स्थानों पर बैरियर डायवर्जन

जिले में पुलिस ने यातायात व्यवस्था के लिए 11 स्थानों पर बैरियर डायवर्जन की व्यवस्था की है। जिनमें से 6 नगर क्षेत्र में और पांच ग्रामीण क्षेत्र में होगी।

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