मेरठ में बसपा सुप्रीमो मायावती के करीबी पूर्व विधायक योगेश वर्मा पर विरोध प्रदर्शन में उपद्रव फैलाने का आरोप
मेरठ। सुप्रीम कोर्ट के एससी-एसटी एक्ट में संशोधन के विरोध में दलित समाज के भारत बंद के दौरान मेरठ में हुए उपद्रव के आरोपी बसपा के पूर्व विधायक योगेश वर्मा व अन्य नेताआें को पुलिस ने जब गिरफ्तार करके किसी थाने में रखा गया, तो देर रात योगेश वर्मा की पत्नी मेरठ की मेयर सुनीता वर्मा एसएसपी मंजिल सैनी से उनके आवास पर अपने पति के बारे में पूछने गर्इ। मेयर सुनीता वर्मा ने पूछा उनके पति कहां है? इस पर एसएसपी ने कहा कि अब जेल में मुलाकता कर लेना। मेयर ने पूछा- उसके पति ने क्या किया है, उन्हें तो घर से बुलाया गया था आैर पुलिस ने पकड़ लिया। एसएसपी ने तीखे अंदाज में कहा- क्या किया है? पूरा शहर जला दिया। तुम्हारे पति ने शहर में जाे तांडव कराया है। भीड़ को मोबलाइज करके लाया गया था। लाठी, डंडे, कट्टे, तमंचे कहां से आए। एेसा मेरठ में कभी नहीं हुआ, जो साेमवार को किया गया। अब पूछ रही हो कि पति ने क्या किया। मैंने जो कार्रवार्इ करनी थी कर दी। उन्होंने कहा कि मेरठ में उपद्रव करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवार्इ की जाएगी।
विरोध का कायदा भूल गए
एसएसपी ने पूर्व विधायक योगेश वर्मा की पत्नी से कहा कि विरोध का एक तरीका होता है। ज्ञापन देकर शांतिपूर्वक प्रदर्शन करना चाहिए था, लेकिन विराेध में लाठी, कट्टों व तमंचों के साथ तांडव किया गया। हम इनमें शामिल लोगों को चिन्हित कर रहे हैं। यह संख्या पांच हजार तक जा सकती है। अब अपने पति के बारे में जेलर से पूछो। लेडी सिंघम से यह सुनने के बाद पूर्व विधायक की मेयर अपने समर्थकों के साथ चुपचाप लौट आयी।