CCSU News चौधरी चरण सिंह विवि यानी सीसीएसयू में छात्र प्राइवेट स्तर पर स्नातक की पढ़ाई नहीं कर सकेंगे। सीसीएसयू की परीक्षा समिति में यह निर्णय लिया गया है। यानी अब प्राइवेट माध्यम से स्नातक स्तर की किसी भी स्टीम में परीक्षा नहीं कराई जाएगी। परीक्षा समिति का यह निर्णय चालू शैक्षिक सत्र से लागू किया जाएगा। सीसीएसयू विवि के इस निर्णय से उन छात्रों को काफी झटका लगा है जो प्राइवेट स्नातक करने की सोच रहे थे। इसी के साथ परीक्षा समिति ने और भी कई निर्णय लिए हैं।
CCSU News मेरठ के चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में अब यूजी यानी स्नातक स्तर पर प्राइवेट परीक्षा CCSU Private Exam नहीं होगें। विवि की परीक्षा समिति में लिया गया यह निर्णय वर्तमान चालू शैक्षिक सत्र से लागू कर दिया है। कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला की अध्यक्षता में परीक्षा समिति की आनलाइन बैठक का आयोजन हुआ। जिसमें यह निर्णय लिया गया वहीं इसके अलावा शिक्षा से संबंधित और भी कई नीतिगत निर्णय लिए गए हैं। परीक्षा समिति ने यह फैसला राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को ध्यान में रखते हुए लिया है।
सीसीएसयू CCSU में प्रति वर्ष स्नातक प्रथम वर्ष में रेगुलर छात्रों के बराबर या उससे अधिक संख्या में प्राइवेट फार्म भरे जाते थे। स्नातक तीनों वर्ष मिलाकर सवा लाख से अधिक परीक्षार्थी इसमें शामिल होते थे।पीजी यानी स्नातकोत्तर स्तर पर अब व्यक्तिगत परीक्षाएं होंगी। पीजी में जो अभ्यर्थी व्यक्तिगत परीक्षा फार्म भरना चाहते हैं। उनको विश्वविद्यालय के प्रवेश पोर्टल पर 18 अक्टूबर तक आनलाइन पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। विश्वविद्यालय प्रेस प्रवक्ता ने जानकारी दी कि स्नातक में सभी अभ्यार्थियों को संस्थागत प्रवेश दिये जाने का प्रयास किया जा रहा है। छात्रों के हितों को ध्यान में रखते हुए ही संस्थागत में प्रवेश के लिए आनलाइन पंजीकरण खोला है। इसमें बीपीईएस एवं बीएससी फिजिकल एजुकेशन, हेल्थ एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स पाठ्यक्रमों को शामिल नहीं किया गया हैं। इस दौरान पंजीकरण कराने वाले छात्रों को पंजीकरण फार्म कालेज व कोर्स के नाम नहीं भरने हैं।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने वार्षिक प्रणाली के बैक पेपर, स्पेशल बैक और विषय सेमेस्टर की परीक्षाएं एक साथ कराने का निर्णय भी लिया है। यह सभी परीक्षाएं 15 दिसंबर से शुरू हो सकेंगी। कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला की अध्यक्षता में परीक्षा समिति की आनलाइन बैठक में यह सभी निर्णय लिए गए हैं। सीसीएसयू से संबद्ध राजकीय व एडेड कालेजों के विद्यार्थियों की डिग्री पहले से कालेजों में भेजी जाती है। अब वित्तविहीन कालेजों के विद्यार्थियों की डिग्री विश्वविद्यालय की ओर से कालेजों को भेजी जाएगी।