
मेरठ. पिछले दिनों मंडल के अपर आयुक्त रणधीर सिंह दुहन की बर्खास्तगी और एडीएम वित्त के निलंबन की शासन स्तर से कार्रवार्इ के बाद गुरुवार को एक और बड़ी कार्रवार्इ की गर्इ है। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक पी. गुरु प्रसाद ने भैंसाली रोडवेज डिपो के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक ऋषि कुमार वर्मा को शासकीय कार्यों में लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया। इस संबंध में शासन की ओर से निर्देश भी जारी कर दिया गया है। इस संबंध में क्षेत्रीय प्रबंधक एसके बनर्जी ने लिखित निर्देश नहीं मिलने की बात कही है। हालांकि, भैंसाली रोडवेज डिपो और सोहराब रोडवेज डिपो के अफसरों और कर्मचारियों में इस कार्रवार्इ को लेकर चर्चा का बाजार गरम है।
लगातार हो रही थी शिकायत
सूत्र बताते हैं कि निगम के प्रबंध निदेशक के पास एआरएम ऋषि कुमार वर्मा की कर्इ शिकायतें पहुंच रही थी। भैंसाली रोडवेज डिपो में तैनाती के दौरान एआरएम पर विभागीय कार्यों में लापरवाही बरतने और मनमाने ढंग से कार्य करने के आरोप लग रहे थे। साथ ही विभागीय उच्च अफसरों के निर्देशों को नहीं मानने के आरोप भी लग रहे थे। सूत्र बताते हैं कि उनके खिलाफ डिपो के चालक और परिचालक भी विरोध में थे। वे लोग भी उन पर शोषण किए जाने के आरोप लगाए थे। इसकी शिकायत उन्होंने क्षेत्रीय प्रबंधक एसके बनर्जी से भी की थी और बाद में इसकी शिकायत निगम के प्रबंध निदेशक से भी की थी।
इसे लेकर चालक-परिचालक का एक गुट पिछले काफी दिनों से लगातार विरोध भी जता रहा था। लगातार मिल रही शिकायतों पर शासन स्तर पर एआरएम ऋषि कुमार वर्मा के खिलाफ जांच शुरू की गर्इ थी। इस जांच में एआरएम पर लगे आरोप सही पाए गए। प्रबंध निदेशक पी. गुरु प्रसाद ने गुरुवार को एआरएम को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। यह कार्रवार्इ होने के बाद लखनउ से मेरठ तक में इसकी चर्चा रही। बाद में उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के पीआरओ अनवर अंजार की ओर से एआरएम के खिलाफ कार्रवार्इ का पत्र भी जारी कर दिया गया।