एके बस्‍सी ने अपने ट्रांसफर को लेकर कोर्ट में अर्जी दाखिल कर एसआईटी जांच की मांग की है।
नई दिल्ली। सीबीआइ विवाद से जुड़ी रोज नए-नए खुलासे हो रहे हैं। सीबीआइ में चल रहे आतंरिक कलह में मंगलवार को एक नया मोड़ आ गया है। सीबीआइ के विशेष निदेशक राकेश अस्थाना पर लगे घूस के आरोपों की जांच कर रहे सीबीआइ अफसर एके बस्सी भी सुप्रीम कोर्ट पहुंच गए हैं। आदालत का दरवाजा खटखटाते हुए उन्होंने अपने ट्रांसफर को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।
ट्रांसफर के खिलाफ एसआईटी जांच की मांग
एके बस्सी ने अपने ट्रांसफर को लेकर कोर्ट में अर्जी दाखिल कर एसआईटी जांच की मांग की है। वहीं, बस्सी के वकील ने मंगलवार अर्जी दाखिल करते हुए चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की बेंच से शुक्रवार को सुनवाई की मांग की, जिसपर चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा कि हम दखेंग। बता दें कि बस्सी ने दावा किया है कि सीबीआइ विवाद मामले में स्थाना के खिलाफ संदिग्ध सामग्री, फोन रिकॉर्ड, व्हाट्सएप संदेश इकट्ठा किया गया है।
सीवीसी को 2 हफ्ते में जांच पूरी करने के निर्देश
वहीं, इससे पहले सीबीआइ निदेशक आलोक वर्मा ने छुट्टी पर भेजने जाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। आलोक वर्मा की इस याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने 26 अक्टूबर को सुनवाई करते हुए कहा था कि सीबीआइ के निदेशक आलोक वर्मा और विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के खिलाफ सीवीसी 2 हफ्ते में जांच पूरी करे। बता दें कि मामले की अगली सुनवाई 12 नवंबर को होनी है।