कोरोना ( Coronavirus ) महामारी की रोकथाम के लिए देश में 3 मई तक के लिए लॉकडाउन लागू है सामाजिक संगठनों को पालतू पशुओं ( Pet Animals ) के खाने वाली वस्तुओं की किल्लत को लेकर चिंता चिंता का बड़ा कारण कोरोना ( Coronavirus ) के खतरे के बीच लोगों द्वारा अपने पालतू पशुओं को छोड़ना
नई दिल्ली। कोरोना महामारी ( coronavirus ) की रोकथाम के लिए देश में 3 मई तक के लिए लॉकडाउन ( Lockdown ) लागू है। इस दौरान लोगों से अपने-अपने घ्ररों में रहने की अपील की गई है।
लॉकडाउन में आवश्यक सामानों के अलावा सभी दुकानें बंद हैं। ऐसे में सामाजिक संगठनों को पालतू पशुओं के खाने में इस्तेमाल होने वाली वस्तुओं की किल्लत को लेकर चिंता सताने लगी है।
इसके पीछे चिंता का सबसे बड़ा कारण कोरोना वायरस ( Coronavirus in india ) के खतरे के बीच लोगों द्वारा अपने पालतू पशुओं ( pet animals ) को छोड़ा जाना है।
पशुओं के लिए खड़े हो रहे खाने के इस संकट पर पीपुल्स फॉर द एथिकल ट्रीटमेंट ऑफ एनिमल्स ( PETA ) ने इसे गंभीरता जताई है।
पशुओं के लिए काम करने वाली इस संस्था ने इस संबंध में राज्य सरकारों को पत्र लिखा है।
पत्र में पेटा ने राज्यों से पालतू पशुओं के खाने में उपयोग होने वाली वस्तुओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है।
यही नहीं पेटा ने सरकारों से कोरोना संकट के समय पालतू पशुओं को छोड़ने वाले लोगों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पेटा ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से अपील की है कि पालतू पशुओं को छोड़ने या उनको भूखा रखने वाले लोगों को खिलाफ पुलिस कार्रवाई करे।
आपको बता दें कि केंद्र सरकार के संगठन एनिमल वेलफेयर बोर्ड ऑफ इंडिया (एडब्ल्यूबीआई) ने भी इस संबंध में एडवाइजरी जारी की थी।