
नई दिल्ली। देश में एक बार फिर से कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों ने चिंताएं बढ़ा दी हैं। कई राज्यों में हालात अत्यधिक खराब हैं। बीते तीन दिन से लगातार देशभर में कोरोना संक्रमण के 2 लाख से अधिक नए मामले दर्ज किए गए हैं, जबकि सैंकड़ों लोगों की जान गई है।
ऐसे में कोरोना संक्रमण के फैलने से रोकने के लिए राज्य सरकारों के साथ-साथ केंद्र सरकार की ओर से जरूरी एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को रात आठ बजे मंत्रियों और अफसरों के साथ उच्च स्तरीय वार्ता की। वहीं इससे पहले सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों और फिर राज्यपालों व उपराज्यपालों के साथ भी बैठक की थी।
इन सबके बीच कोरोना को लेकर राजनीति भी अब शुरू हो गई है। कोरोना महामारी से सबसे अधिक महाराष्ट्र प्रभावित है। ऐसे में महाराष्ट्र की सत्ताधारी गंठबंधन सरकार के अगुवा शिवसेना ने मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला है। शिवसेना ने कहा है कि देश में कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के लिए केंद्र सरकार और चुनाव आयोग जिम्मेदार है। शिवसेना ने कहा कि प्रधानमंत्री समेत पूरी केंद्रीय सरकार चुनाव लड़ने में व्यस्त है। यदि वे कोरोना के खिलाफ लड़ाई में ध्यान देते तो हालात काबू में होते।
आपको बता दें कि बीते दिन महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने राज्य में कोरोना की वजह से बिगड़ते हालात के बीच ऑक्सीजन की भारी कमी को लेकर प्रधानमंत्री मोदी से बात करने की कोशिश की थी। सीएम ठाकरे ने कहा था कि मैंने प्रधानमंत्री से बात करने के लिए फोन मिलाया, पर पीएमओ से जबाव आया के वे बंगाल दौरे पर हैं। बंगाल से आने के बाद बात होगी।