- यह सूची 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की टाइम 100 की श्रृंखला का विस्तार है। इसमें उन नेताओं को शामिल किया है जो भविष्य को आकार दे रहे हैं।
नई दिल्ली । टाइम मैगजीन ने दुनिया के टॉप 100 इमर्जिंग लीडर्स की लिस्ट जारी कर दी है। इसमें ट्विटर की मुख्य वकील विजया गाड्डे और यूके के वित्त मंत्री ऋषि सुनक सहित पांच भारतीय मूल के व्यक्तियों को जगह मिली है। जबकि एक भारतीय सामाजिक कार्यकर्ता चंद्रशेखर आजाद भी इसमें शामिल हंै। यह सूची 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की टाइम 100 की श्रृंखला का विस्तार है। इसमें उन नेताओं को शामिल कि या है जो भविष्य को आकार दे रहे हैं।
डॉ. शिखा गुप्ता-
चिकित्सक, कार्यकारी निदेशक गेटअस पीपीई (भारतवंशी)
कोरोना काल में 6.5 मिलियन पीपीई किट फ्रंटलाइन वर्कर्स को बांटे। हालांकि महामारी से जंग अभी खत्म नहीं हुई है, लेकिन शिखा और उनके संगठन की मदद से अब फ्रंटलाइन वर्कर्स कर्मी जी-जान से इस लड़ाई में जुटे हैं।
रोहन पवुलुरी-
संस्थापक अपसॉल्व (भारतवंशी)
25 वर्षीय रोहन निशुल्क ऑनलाइन टूल अपसॉल्वज के संस्थापक हैं। यह टूल उपयोगकर्ताओं को खुद से दिवालियापन फार्म भरने में मदद करता है। महामारी के दौरान लाखों लोगों की नौकरी गई और लोग बिल व खर्चे चलाने में असमर्थ हो गए।
ऋषि सुनक -
वित्तमंत्री, ब्रिटेन (भारतवंशी)
गत वर्ष ब्रिटेन के वित्तमंत्री बने। कोरोना महामारी के दौरान नौकरी गंवा चुके नागरिकों की मदद करने पर चर्चित हुए। अगला प्रधानमंत्री बनने के लिए वे सबसे अधिक पसंद किए जा रहे हैं।
विजया गाड्डे -
ट्विटर पालिसी हैड (भारतवंशी)
46 वर्षीय गाड्डे कैपिटल (संसद) पर हमले के बाद पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ट्विटर अकाउंट निलंबित करने में अहम भूमिका। गाड्डे के प्रभाव से ट्विटर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता व मानवाधिकार समान परिपेक्ष्य में देख रहा है।
अपूर्वा मेहता-
संस्थापक इंस्टाकार्ट (भारतवंशी)
34 वर्षीय अपूर्वा मेहता के प्रयासों से कोरोनाकाल में इंस्टाकार्ट को बेतहाशा ऑर्डर मिले। धनी लोग भी जुटे। अपूर्वा का कहना है कि भविष्य में स्मार्टफोन सुपर मार्केट होगा।
चंद्रशेखर आजाद -
सामाजिक कार्यकर्ता, भारत
34 साल के भीम आर्मी प्रमुख के बारे में कहा गया है कि वह दलितों को शिक्षा के जरिए गरीबी से निकालने में मदद के लिए स्कूल चलाते हैं। वह बाइक पर जाति-आधारित हिंसा के शिकार लोगों की रक्षा करने के लिए गांवों में जाते हैं।