आईआरसीटीसी और बैंकों के बीच सर्विस टैक्स को लेकर है झगड़ा, सर्विस टैक्स को आधा-आधा रखने की हुई थी बात
नई दिल्ली: नोटबंदी के बाद ऑनलाइन पेमेंट का जोर सबसे ज्यादा रेलवे में दिया गया था। नोटबंदी के बाद सरकार ने ऑनलाइन टिकट बुकिंग को लेकर की तरह के ऐलान किए थे, लेकिन शुक्रवार को IRCTC ने रेलवे के यात्रियों को एक बड़ा झटका दिया है। दरअसल, IRCTC ने 6 बैंकों के कार्ड को बैन कर दिया है, यानि कि आप अब इन कार्ड का इस्तेमाल टिकट बुकिंग में नहीं कर पाएंगे।
सर्विस टैक्स को लेकर है झगड़ा
दरअसल, बैंकों और आईआरसीटीसी के बीच सुविधा शुल्क को लेकर चल रहा झगड़ा इस स्तर पर पहुंच गया कि IRCTC ने ये कदम उठा लिया है। वहीं इस मामले में बैंकों का कहना है आईआरसीटीसी ने यह कदम इसलिए उठाया है कि वह पूरा सुविधा शुल्क खुद रखना चाहती है।
इन कार्ड से हो सकेगी पेमेंट
आईआरसीटीसी ने 6 बैंकों के कार्ड पर रोक लगा दी है। इंडियन ओवरसीज बैंक, कैनरा बैंक, यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया, इंडियन बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, एचडीएफसी बैंक और एक्सिस बैंक के कार्ड के जरिए आईआरसीटीसी पर पैमेंट की जा सकती है। इसके अलावा किसी भी बैंक के डेबिट कार्ड से पैमेंट नहीं किया जा सकता।
सर्विस टैक्स आधा-आधा बांटने की हुई थी बात
आपको बता दें, इस साल की शुरुआत में आईआरसीटीसी ने बैंकों से कहा था कि वह वेबसाइट के जरिए होने वाले ट्रांजेक्शन से मिलने वाला आधा सुविधा शुल्क उसके साथ बांटे। इसके बाद यह समझा गया था कि भारतीय बैंक संगठन, आईआरसीटीसी और भारतीय रेलवे के साथ बातचीत करके इस मसले को सुलझा लेंगे। लेकिन यह मामला सुलझा नहीं।
नोटबंदी के बाद 20 रुपए कम हुआ था सर्विस टैक्स
नवंबर 2016 में की गई नोटबंदी के बाद आईआरसीटीसी ने सर्विस टैक्स 20 रुपए कम कर दिया था। वहीं IRCTC के इस कदम के बाद एसबीआई के एक सीनियर एग्जीक्यूटिव ने बताया, ‘हमारे रोजाना 50000 ट्रांजेक्शन कम हो रहे हैं, सामान्य तौर पर जो मर्चेंट होता है वह संबंधित बैंक को पैसा देता है। लेकिन आईआरसीटीसी ने आज तक पैसे नहीं दिए हैं। इसलिए हम लोग ग्राहकों से वह वसूल रहे हैं। यह काफी वर्षों से ऐसे ही चला आ रहा है।’
आपको बता दें कि वर्तमान में बैंकों को 1000 रुपए तक के कार्ड ट्रांजेक्शन पर 0.25 फीसदी और 1000 से 2000 रुपए के ट्रांजेक्शन पर 0.5 फीसदी एमडीआर वसूलने की अनुमति है। ज्यादा रकम के ट्रांजेक्शन पर 1 फीसदी तक एमडीआर लगाया जाता है।