विविध भारत

पीएम का ऐलान- आशा कार्यकर्ताओं को अब मिलेगा दोगुना मानदेय और मुफ्त इंश्योरेंस कवर

'महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य का ध्यान रखने में जमीनी स्तर पर इन महिलाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है। अब तक उन्हें पूरा भुगतान नहीं मिल पा रहा था।'

2 min read
आशा और आगनबाड़ी कार्यकर्ताओ से पीएम मोदी ने की बातचीत, पोषण और टीकाकरण को बताया अहम

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आशा कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाकर दोगुना कर दिया है। इसके साथ ही उन्हें मुफ्त में इंश्योरेंस कवर भी दिया गया है। केंद्रीय मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने इसका स्वागत किया। उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, 'महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य का ध्यान रखने में जमीनी स्तर पर इन महिलाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है। अब तक उन्हें पूरा भुगतान नहीं मिल पा रहा था।' आशा का पूरा नाम एक्रेडिटेड सोशल हेल्थ एक्टिविस्ट होता है, जिसे हिंदी में मान्यता प्राप्त सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता कहा जाता है।

पोषण माह के रूप में मनाया जा रहा है सितंबर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आशा, आंगनबाड़ी श्रमिकों और स्वास्थ्य लाभार्थियों से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कार्यकर्ताओं से टीकाकरण और पोषण से संंबंधित जानकारियों को साझा किया। उन्होंने बताया कि स्वस्थ रहने के लिए हर बच्चे का टीकाकरण बहुत जरूरी है। इस काम तेजी से पूरा करने के लिए आप मेरे लाखों हाथों की तरह हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि इस माह को पोषण माह रूप में मनाया जा रहा है। इसका लक्ष्य पोषण के महत्व के संदेश को उजागर करना है। इससे सरकार द्वारा स्थापित राष्ट्रीय पोषण मिशन,पोशण अभियान के उद्देश्यों को और मजबूती मिलेगी।

15 महीने तक 11 बार बच्चे का हालचाल जानना जरूरी

पीएम मोदी ने कार्याकर्ताओं से कहा कि आप बच्चे की ही नहीं बल्कि प्रसूता माता के स्वास्थ्य की भी चिंता कर रहे हैं। सुरक्षित मातृत्व अभियान जो सरकार ने चलाया है उसकी अधिक से अधिक जानकारी आपको लोगों तक पहुंचानी चाहिए। पीएम मोदी ने कहा कि पहले जन्म के 42 दिन तक आशा वर्कर को छह बार बच्चे के घर जाना होता था। अब 15 महीने तक 11 बार आपको बच्चे का हालचाल जानना जरूरी है। मुझे विश्वास है कि आपके स्नेह और अपनेपन से एक से एक बेहतरीन नागरिक देश को मिलेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि होम बेस्ड न्यूबोर्न केयर के माध्यम से आप हर वर्ष देश के लगभग सवा करोड़ बच्चों की देखभाल कर रहे हैं। आपकी मेहनत से ये कार्यक्रम सफल हो रहा है,जिसके कारण इसको और विस्तार दिया गया है। अब इसको होम बेस्ड चाइल्ड केयर का नाम दिया गया है।

एनीमिया मुक्त हो भारत

कर्नाटक की मलम्मा ने पीएम मोदी को बताया कि प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना से मां और बच्चों को भरपूर फायदा हो रहा है। इस योजना से मां और बच्चे के स्वास्थ्य में सुधार लाने में मदद मिल रही है। पीएम मोदी ने कहा कि एनीमिया हर वर्ष सिर्फ एक प्रतिशत की दर से घट रहा है। सरकार ने तय किया कि राष्ट्रीय पोषण अभियान के तहत इस गति को तीन गुना किया जाए। एनीमिया मुक्त भारत के इस संकल्प को आप सभी पूरी ताकत से पूरा करने वाले हैं। एनीमिया से मुक्ति का मतलब लाखों गर्भवती महिलाओं और बच्चों को जीवन दान। उन्होंने बताया कि मिशन इंद्रधनुष के तहत देश में टीकाकरण अभियान को पिछड़े इलाकों में नन्हे बच्चों तक पहुंचने का लक्ष्य तय किया गया है। आप सभी ने इस मिशन को तेज गति से आगे बढ़ाया और देश में 3 करोड़ बच्चों और 85 लाख गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण करवाया है।

ये भी पढ़ें

जन्मदिन स्पेशल: पीएम मोदी आज देशवासियों को दे सकते है, ये बड़ी सौगात
Updated on:
11 Sept 2018 04:41 pm
Published on:
11 Sept 2018 12:10 pm
Also Read
View All
Road accident: Video: सडक़ हादसे में 3 युवकों की मौत, 3 बिजली खंभे से जा टकराए तो 3 को स्कॉर्पियो ने मारी टक्कर, 3 घायल

High Court order: लॉटरी सिस्टम से बनीं नगरपालिका अध्यक्ष, हारी उम्मीदवार ने हाईकोर्ट में दी चुनौती, न्यायाधीश ने सुनाया ये फैसला

Action on private schools: अंबिकापुर के इन 2 प्राइवेट स्कूलों पर चला प्रशासन का डंडा, तय दुकानों से महंगी किताबें खरीदने का बनाया था दबाव

SECL viral video: एसईसीएल में अवैध वसूली का वीडियो वायरल, ओवरटाइम ड्यूटी दिलाने 10-12 हजार और संडे को 2000 रुपए एक्सट्रा उगाही

Commits suicide: 3 बच्चों की मौत से दुखी पिता ने की आत्महत्या, कहता था- मेरे बच्चे ही नहीं बचे तो मैं जिंदा रहकर क्या करूंगा