
नई दिल्ली. ज्यादा कीमत के चलते कोई अपना कोरोना वायरस (Coronavirus) टेस्ट कराना भी चाहता है तो लैब के भारी भरकम बिल की वजह से नहीं करवा पाता। लेकिन अब आपको टेस्ट के लिए कीमत देखने की जरूरत नहीं। महाराष्ट्र (Maharashtra) व दिल्ली (Delhi) के बाद अब उत्तराखंड सरकार (Uttarakhand Government) ने भी कोरोना वायरस टेस्ट (Coronavirus Test Process) के लिए कीमतें तय कर दी है। दाम तक करते हुए 4,500 रुपये से घटाकर 2,400 रुपए कर दी है। यह फैसला उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत (CM Trivendra Singh Rawat) की अगुवाई में लिया गया।
जानिए नए रेट
सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए तय किया कि कोविड-19 RT-PCR टेस्ट के लिए प्राइवेट लैब सिर्फ 2000 रुपए लेगी। इसी में जीएसटी की राशि भी शामिल है। अगर प्राइवेट लैब खुद से सैंपल कलेक्ट करती है तो वह 2400 रुपए चार्ज करेगी, लेकिन अगर वह कोरोना सैंपल किसी प्राइवेट या पब्लिक हॉस्पिटल से लेती है तो वह किसी हाल में 2000 रुपए से ज्यादा चार्ज नहीं कर सकती।
गौरतलब है कि महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने शनिवार (13 जून) को कहा कि सरकार ने निजी लैब द्वारा की जाने वाली कोविड-19 की जांच की कीमत 4,500 रुपये से घटाकर 2,200 रुपए कर दी। वहीं उसके बाद दिल्ली (Delhi) में इस तरह का फैसला 17 जून को किया गया था। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) द्वारा गठित कमेटी के सुझावों के बाद दिल्ली में कोरोना की जांच की कीमत 2,400 रुपए तय कर दी गई थी। 17 जून को तय किए गए फैसले के बाद यह साफ हो गया था कि गुरुवार 18 जून से दिल्ली में रैपिड एंटीजन टेस्ट किट से कोरोना टेस्ट शुरू होंगे। यह तकनीक नई है जिसकी ICMR ने कंटेनमेंट जोन और अस्पताल में इस्तेमाल करने के लिए मंजूरी दी है।
उत्तराखंड में 37 लोगों की मौत
कोरोना संक्रमितों का कहर उत्तराखंड में भी लगातार बढ़ता जा रहा है। पर इन सब में अच्छी बात यह है कि यहां स्वस्थ होने वालों की तादाद ज्यादा बढ़ रही है। आंकड़ों के मुताबिक जितने मरीज अभी भर्ती हैं, उसके दोगुना से ज्यादा स्वस्थ हो चुके हैं। शुक्रवार को प्रदेश में 34 नए मामले आए, तो इससे ज्यादा 64 मरीज स्वस्थ होकर घर लौटे। वहीं, अबतक 37 लोगों की मौत भी हो चुकी है। स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश में अब तक कोरोना के कुल 2725 मामले आए हैं, जिनमें 1822 यानि 66.86 फीसदी ठीक भी हो चुके हैं। फिलवक्त 848 एक्टिव केस हैं।