
नई दिल्ली। पूर्वी लद्दाख से लगे वास्तविक नियंत्रण रेखा ( LAC )पर महीनों से जारी तनाव के बीच भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ( pm modi and President Jinping) नवंबर में तीन वैश्विक मंचों पर वर्चुअल फार्मेट में आमने-सामने होंगे। माना जा रहा रहा है कि दोनों देश के प्रमुख के बीच बातचीत हो सकती है। हालांकि, इस बारे में अभी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।
सबकी निगाहें मोदी-जिनपिंग पर
जिन वैश्विक मंचों पर मोदी और जिनपिंग ( Modi and Jinping ) आमने सामने होंगे एससीओ के अलावा ब्रिक्स और जी-20 की बैठक शामिल है। इनमें एससीओ की बैठक में तो पीएम इमरान खान भी बैठक में होंगे। सबसे पहले दोनों नेता 10 नवंबर को एससीओ की बैठक में टकराएंगे। इस बैठक की मेजबानी रूस वर्चुअल माध्यम से करने जा रहा है। इसके अलावा 17 नवंबर को ब्रिक्स और 21 व 22 नवंबर को जी-20 की बैठक में दोनों आमने-सामने होंगे ।
पांच मई से जारी भारत-चीन सीमा सीमा विवाद के बाद पहली बार मोदी-जिनपिंग एक दूसरे से वर्चुअल फोरम पर मिलेंगे। इसलिए सबकी निगाहें बैठक में होने वाली बातचीत पर टिकी हैं।
7 माह में एक बार भी नहीं हुई बातचीत
बता दें कि भारत और चीन के बीच एलएसी पर अधिकार क्षेत्र को लेकर मई से गतिरोध बना हुआ है। सीमा विवाद के समाधान के लिए दोनों पक्षों ने कई दौर की कूटनीतिक और सैन्य स्तर की वार्ता की हैं।
इस बीच पिछले 6 साल में कम से कम 18 बार मिल चुके पीएम मोदी और शी ने सीमा विवाद की वजह से पिछले सात माह में एक-दूसरे से बात तक नहीं की है। 17 नवंबर से पहले दोनों के बीच कोई बैठक या फ़ोन कॉल तक तय नहीं है। हालांकि, नवंबर में तीन-तीन मंचों पर आमने-सामने होने की वजह से बातचीत की संभावना को ख़ारिज नहीं किया जा सकता है।