शरणार्थी संकट से जूझ रहा ग्रीस, 12 हजार लोग टेंट में रहने को मजबूर स्थानियों नागरिकों का कहना है कि यह संकट अर्थव्यवस्था पर बोझ है
एथेंस। ग्रीस के लेस्बोस के एक भीड़भाड़ वाले शरणार्थी शिविर में आग लगने से एक व्यक्ति की मौत की खबर है। इस शिविर में लगभग 12,000 लोग टेंट और शिपिंग कंटेनरों में रहते हैं। इस हादसे में एक महिला का शव मोरिया कैंप में मिला है। वहीं कुछ प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि इस घटना में एक बच्चे की भी मौत हो गई है।
बताया जा रहा है कि यह आग दंगाइयों द्वारा लगाई गई है। वह चाहते हैं कि ग्रीस से शरणार्थियों को निकाला जाए। करीब 3 हजार की क्षमता वाले इस शरणार्थी शिविर में 12 हजार शरणार्थी रहते हैं। रविवार को आग लगने के बाद पुलिस ने दंगाइयों को रोकने का प्रयास किया। पुलिस ने इस दौरान आंसू गैस के गोले भी छोड़े। इससे पहले 2018 में भी यहां पर दंगे भड़क चुके हैं। ग्रीस के स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि ये शरणार्थी देश की अर्थव्यवस्था पर बोझ डाल रहे हैं। ग्रीस में शरणार्थियों का संकट है। यहां पर तुर्की और सीरिया से हजारों की संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। यह सिलसिला 2015 से जारी है। यहां पर कैंप में क्षमता से ज्यादा लोग रह रहे हैं।