उसकी पत्नी का हाथ था। पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या की थी। इसके लिए एकदम पेशेवर आइडिया पर काम किया गया।
सिहोनिया. मध्यप्रदेश में एक बड़ा ही संगीन मामला सामने आया है, एक पत्नी के दूसरे मर्द के साथ प्रेम संबंध थे, जिसकी भनक लगने पर पति उन्हें रोकता टोकता था, जिससे उन्हें मिलने में भी काफी दिक्कतें होती थी, बार-बार पति का दोनों के बीच आड़े आना पत्नी को काफी खटकने लगा, ऐसे में उसने प्रेमी के साथ मिलकर पति का काम तमाम करने की योजना बना ली, हैरानी की बात तो यह है कि इन्हें पति को रास्ते से हटाने का ऐसा तरीका निकाल लिया था, कि पति की मौत के लंबे समय बाद तक पुलिस को भी कोई सुराग नहीं मिल पाया था।
22 माह पूर्व दर्ज एक गुमशुदगी का खुलासा पुलिस ने 22 माह की जांच के बाद कर दिया है। गुमशुदा व्यक्ति की हत्या की गई थी और हत्या में उसकी पत्नी का हाथ था। पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या की थी। इसके लिए एकदम पेशेवर आइडिया पर काम किया गया। मारने से पहले मृतक को बाजार की कहकर घर से दूर लाया गया और फिर नीद की गोलियां खिलाकर नशे की हालत में नहर में पानी डुबा दिया। सिहोनिया थाना पुलिस ने साइबर सेल की मदद और मृतक के फोन से हुई बातचीत के आधार पर मामले का खुलासा कर दिया।
पुलिस के अनुसार ग्राम छत्त का पुरा की वृद्ध महिला मीरा बाई पत्नी रामजीलाल सखवार ने सात जून 2022 को पुलिस को रिपोर्ट की कि उसका बेटा विश्वनाथ सखवार करीब दो साल से घर नहीं आया है। कुछ समय पहले तक तो रिश्तेदारों और गांव वालों के पास फोन काॅल भी आ जाते थे, लेकिन अब सब कुछ बंद है। पुलिस ने इसके आधार पर गुमशुदगी दर्ज की और मामले की अपने तरीके से विवेचना प्रारंभ की। साइबर सेल की मदद ली तो मृतक का मोबाइल चालू मिला और उसकी लोकेशन मुरैना में ही होना पाया गया। जब काॅल डिटेल निकाली तो उसकी अपनी बहन से बात होना पाया गया। बहन से पूछताछ में उसने बताया कि उसके भाई विश्वनाथ के नाम से उसके पास एक काॅल आया था लेकिन बातचीत में आवाज उसकी नहीं लगने पर काट दिया था। इसके बाद पुलिस ने साइबर सेल को और सक्रिय किया। इस दौरान छानबीन में सामने आया कि मृतक की पत्नी को उसके ही गांव के अरंविंद सखवार के साथ कई बार देखा गया है। अरविंद के नाम की मोबाइल सिम जिस फोन में उपयोग की गई थी उसका एमआई नंबर एक ही था। संदेह पुख्ता होने पर अरविंद व विश्वनाथ की पत्नी को थाने बुलाकर पूछताछ की तो चैंकाने वाले तथ्य सामने आए। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि विश्वनाथ को रास्ते से हटाने के लिए वे उसे 24 नवंबर 2020 बाजार से खरीदारी के नाम पर अंबाह चलने की कहकर अपने साथ लाए। बाद में बाजार से नींद वाली गोलियां खरीदकर विश्वनाथ को ज्यादा मात्रा मे खिलाईं। इसके बाद उसे साथ लेकर आगरा की ओर चले तो रास्ते में एबी रोड पर सिकरौदा नहर में कपड़े उतारकर और मोबाइल छीनकर जिंदा ही डाल दिया। कुछ दिन पर एक अज्ञात व्यक्ति की लाश मिलने पर सरायछौला थाना पुलिस ने मर्ग दर्ज कर मृतक की पहचान कराने की कोशिश की लेकिन विश्वनाथ के नाम की कोई गुमशुदगी दर्ज न होने से किसी को संदेह नहीं हुआ और स्थानीय पुलिस ने भी उसकी कोई तालाशी नहीं की। थाना प्रभारी सिहोनिया पवन सिंह भदौरिया के अनुसार विश्वनाथ की हत्या में अरविंद सखवार के साथ मृतक की पत्नी को पकडा गया है।