मुंबई

अभिजीत दिपके पर एफआईआर : आनंद दुबे ने कहा, बिना अनुमति घुसोगे तो कानून अपना काम करेगा

Abhijeet Dipke: मुंबई में शिवसेना (यूबीटी) प्रवक्ता आनंद दुबे ने सरकारी स्कूल में बिना अनुमति प्रवेश के मामले में दर्ज एफआईआर को सही ठहराया। उन्होंने कहा कि स्कूलों की व्यवस्था सुधारने के लिए प्रशासन और शिक्षा विभाग से समन्वय कर नियमानुसार काम करना चाहिए।
2 min read
Aug 23, 2026
Abhijeet Dipke
अभिजीत दिपके। फाइल फोटो- आईएएनएस

मुंबई। शिवसेना (यूबीटी) के प्रवक्ता आनंद दुबे ने बिना अनुमति सरकारी स्कूल में प्रवेश करने के मामले में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के फाउंडर अभिजीत दिपके के खिलाफ दर्ज एफआईआर पर कहा कि अगर इजाजत लिए बिना जबरदस्ती करोगे तो जाहिर है कि कानून अपना काम करेगा। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों की स्थिति सुधारने के लिए संबंधित प्रशासन को विश्वास में लेकर काम करना चाहिए और किसी भी संस्थान में बिना सूचना के प्रवेश करने से बचना चाहिए।

प्रशासन को जानकारी देनी चाहिए

मुंबई में आनंद दुबे ने कहा कि स्कूल व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जिला प्रशासन, कलक्टर, डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ समन्वय जरूरी है। अगर कोई व्यक्ति स्कूल का दौरा करना चाहता है तो पहले प्रशासन को इसकी जानकारी देनी चाहिए और अधिकारियों से सहयोग लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि बिना बताए अचानक किसी सरकारी संस्थान में पहुंचने पर पुलिस और कानून-व्यवस्था से जुड़े अधिकारी अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे।

पाकिस्तान पर लगाया आरोप

उन्होंने इस मामले में राजनीति नहीं करने की बात भी कही और कहा कि अगर किसी को स्कूल व्यवस्था की स्थिति देखनी है तो संबंधित प्रशासन को जानकारी देकर नियमानुसार दौरा करना चाहिए। देश में महिलाओं की भूमिका का जिक्र करते हुए दुबे ने कहा कि माताओं और बहनों को जागरूक करने की जरूरत है। महिलाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं और देश की प्रगति में उनकी भूमिका लगातार मजबूत हो रही है। पहलगाम केस में हाफिज सईद को कोर्ट का समन भेजे जाने की तैयारी से जुड़े सवाल पर आनंद दुबे ने पाकिस्तान पर आतंकवाद को संरक्षण देने का आरोप लगाया।

'व्यापक चर्चा और बहस की जरूरत'

उन्होंने कहा कि उन्हें भारत की राष्ट्रीय जांच एजेंसी पर पूरा भरोसा है और एजेंसी मामले में अपना काम कर रही है। आतंकवाद के खिलाफ भारत की सुरक्षा एजेंसियां और सेना लगातार कार्रवाई कर रही हैं तथा आतंकवादियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाने चाहिए। ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ के मुद्दे पर आनंद दुबे ने कहा कि इस विषय पर जल्दबाजी में फैसला लेने के बजाय व्यापक चर्चा और बहस की जरूरत है।

उन्होंने कहा कि देश में एक साथ चुनाव कराने के लिए चुनाव आयोग की भूमिका, राज्यों की चुनावी प्रक्रिया, सुरक्षा बलों की उपलब्धता और कानून-व्यवस्था समेत कई महत्वपूर्ण पहलुओं पर विचार करना होगा। इस तरह की व्यवस्था लागू करने से पहले विस्तृत ड्राफ्ट सामने आना चाहिए और सभी संबंधित पक्षों के साथ चर्चा होनी चाहिए। दुबे ने कहा कि देश में एक साथ चुनाव कराने के विचार पर अभी और मंथन की आवश्यकता है।

Updated on:
23 Aug 2026 07:43 pm
Published on:
23 Aug 2026 07:39 pm