गर्मीभर राज्य में नहीं होगी बिजली कटौती
मुंबई.
उमस और गर्मी से परेशान महाराष्ट्र के लोगों के लिए बिजली विभाग से राहत भरी खबर है। गर्मी के मौसम में इस साल राज्य के उपभोक्ताओं को बिजली कटौती का सामना नहीं करना पड़ेगा। ऊर्जा विभाग के पास उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक महाराष्ट्र में मांग के मुकाबले ज्यादा बिजली उपलब्ध है। ऐसे में लोडशेडिंग का सवाल ही नहीं उठता है। दरअसल सूखे के कारण ग्रामीण इलाकों में किसानों के पंप बंद हैं, जिस कारण बिजली की खपत कम हो रही है। मिली जानकारी अनुसार कोयले आपूर्ति समय पर होने के चलते थर्मल पावर स्टेशनों में पूरी क्षमता से बिजली उत्पादन हो रहा है। राज्य में फिलहाल 19 हजार मेगावाट बिजली की खपत हो रही है, जिसकी आपूर्ति महावितरण आसानी से कर रही है। आर्थिक राजधानी में तीन से साढ़े तीन हजार मेगावाट बिजली की खपत होती है। अडानी, टाटा पावर और बेस्ट मिल कर महानगर को 3,436 मेगावाट बिजली मुहैया करा रही हैं। महावितरण के चेयरमैन संजीव कुमार ने बताया कि गत वर्ष 30 अप्रेल को महावितरण ने 19 हजार 543 मेगावाट बिजली सप्लाई की थी, जबकि इस साल 18 हजार 869 मेगावाट बिजली की खपत हुई। यानी पिछले वर्ष की तुलना में बिजली की मांग में 674 मेगावाट की कमी आई है।
बिजली की कमी नहीं
राज्य में बिजली की कमी फिलहाल नहीं है। पिछले वर्ष महावितरण ने करीब 25 हजार मेगावाट बिजली उपलब्ध कराई थी। साथ ही कोयना बांध में बेहतर पानी और कोयले की अधिक उपलब्धता के कारण उम्मीद है कि बिजली की बढ़ी मांग को आसानी से पूरा कर लिया जाएगा।
- पीएस पाटील, मुख्य जंनसंपर्क अधिकारी, महावितरण