मुजफ्फरनगर

दलित व्यक्ति खेत मे घुसने पर 5 हज़ार का जुर्माना, 50 जूते से फैली गाँव में दहशत, SSP बोले..

उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में दलितों के साथ दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। जिसके बाद एसएसपी ने जांच के साथ अपराधियों की धरपकड़ तेज कर दी है।

3 min read
murder

उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में कुख्यात बदमाश विक्की त्यागी के पिता के द्वारा गांव पावटी में दलितों को खेत, समाधि मेढ़ पर घुसने पर 5 हज़ार रुपये का जुर्माना और 50 जूते मारने की मुनादी कराने के बाद मामले का वीडियो वायरल होने पर भले ही पुलिस ने कार्यवाही करते हुए कुख्यात अपराधी विक्की त्यागी के पिता पिता राजबीर सिंह और मुनादी करने वाले व्यक्ति के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. मगर गांव में कुख्यात विक्की त्यागी के परिवार का इतना खोफ है कि इस घटना के बाद से गांव में रहने वाले दलित समाज के लोग दहशत के साये में है दलित महिलाये डर के कारण पशुओ का चारा लेने और दिशा सोच के लिए जंगल में नहीं जा रही है।

कुख्यात अपराधी किस्म का

जनपद मुज़फ्फरनगर के थाना चरथावल क्षेत्र के गांव पावटी खुर्द में पूर्व प्रधान और कुख्यात बदमाश विक्की त्यागी के पिता राजवीर सिंह ने गांव में बाक़ायदा मुनादी कराकर दलित समाज के लोगों को चेतावनी दी है कि अगर उसके खेत पर, समाधी या ट्यूबवेल पर अगर दलित समाज का कोई भी व्यक्ति जाएगा तो उस पर पांच हज़ार रुपयों का जुर्माना और 50 जूतों की सजा दी जाएगी.

मुजफ्फरनगर में मुनादी के दौरान मोबाइल में कैद

मुनादी के दौरान गांव के किसी व्यक्ति ने इसे अपने मोबाइल में कैद कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया एसएसपी मुज़फ्फरनगर अभिषेक यादव ने तत्काल ही इस वायरल वीडियो का संज्ञान लिया. उनके आदेश पर क्षेत्रीय पुलिस ने इस मामले में तुरंत कार्यवाही करते हुए मुकदमा पंजीकृत कर पूर्व प्रधान राजवीर सिंह और मुनादी करने वाले व्यक्ति को गिरफ़्तार कर आगे की कार्यवाही शुरू कर दी है.

एसएसपी ने दिया आदेश

एसएसपी अभिषेक यादव ने चेतावनी देते हुए कहा है कि आरोपी राजवीर सिंह के ऊपर भविष्य में गुंडा अधिनियम के अंतर्गत भी कार्यवाही भी की जाएगी। हालाँकि पुलिस ने इस मामले में गंभीरता दिखाते हुए राजवीर त्यागी और मुनादी करने वाले गांव के ही एक वाल्मीकि समाज के व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया है। लेकिन मुनादी के बाद से गांव में रहने वाले दलित समाज के लोग राजवीर त्यागी के खौफ के चलते दहशत में है। गांव के दलित महिलाये मुनादी के बाद से इतना डरी हुई है की वो दिशा सोच और पशुओ का चारा लेने जंगल में नहीं जा रही है। उनका आरोप है की पुलिस ने गांव में कोई सुरक्षा व्यवस्था नहीं की है। अगर उनके साथ कोई घटना होती है तो उसकी जिम्मेदार जिला प्रशासन और सरकार होगी।
वंही पावटी गांव के प्रधान अजित का कहना है कि गांव के ही पूर्व प्रधान राजवीर त्यागी ने गांव में मुनादी कराई जो किसी भी समाज और धर्म जाति के खिलाफ है उन्होंने जो कुछ भी किया वह गलत किया हर जाति और समाज समाज में अपना अपना वजूद रखती है किसी की इस तरह से बेजती करना ठीक नहीं है। खेत में घुसने पर 5 हजार जुर्मानाऔर 50 जूते मारने का प्फरमान ठीक नहीं है। गरीब लोग किसानों के खेत में जाकर पशुओं के लिए घास लाते हैं लेकिन इस तरह से फरमान जारी करना ठीक नहीं है। राजवीर त्यागी विक्की त्यागी के पिता है विक्की त्यागी कई जनपदों में टॉप टेन अपराधी रहा है हमारी उनसे एक पुरानी रंजिश भी है क्योंकि विक्की त्यागी ने 1999 में हमारी समाज के एक युवक की हत्या कर दी थी इसके अलावा इन्हें दलित समाज भाता नहीं है एक वजह यह भी है क्योंकि गांव में प्रधानी के चुनाव में एक दलित युवक गांव का प्रधान बना यह बात भी उन्हें हजम नहीं हो रही है वे लोग हर बिरादरी पर अपना दबाव बनाना चाहते हैं इसलिए अपनी तानाशाही में उन्होंने कल गांव में मुनादी कराई थी मुनादी का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस गांव में आई थी और मुनादी कराने वाले और मुनादी करने वाले व्यक्ति को उठाकर ले गई है। मुनादी कराने वाला त्यागी समाज से है और मुनादी करने वाला वाल्मीकि समाज से हैं। गांव में दहशत का माहौल है गांव के लोग बहुत डरे हुए हैं ।
गांव के निवासी दलित राजपाल का कहना है कि इस तरह के मुनादी कराकर बहुत गलत किया है राजवीर त्यागी ने सोमवार की रात मुनादी कराई थी कि गांव का कोई भी दलित अगर उसके खेत पर गया या समाधि पर गया तो उस दलित पर 5 हजार रुपे का जुर्माना और 50 जूते मारे जाएंगे राजवीर त्यागी विक्की त्यागी का पिता है।

1999 में विक्की त्यागी ने मेरे बेटे की हत्या कर दी थी। मुनादी के बाद से गांव में दहशत का माहौल है। और पुलिस की कोई सुरक्षा व्यवस्था नहीं है। दलित समाज की महिला ममता ने बताया कि कल गांव के ही राजवीर त्यागी ने गांव में मुनादी कराई की कोई भी दलित महिला या दलित व्यक्ति हमारे खेत पर और समाधि पर नहीं जाएगा और जो जाएगा उस पर 5 हजार जुर्माना और 50 जूते मारने की सजा दी जाएगी। मुनादी के बाद से गांव के सभी दलित लोग डरे हुए हैं महिलाएं घर से बाहर नहीं निकल रही हैं.

Updated on:
11 May 2022 05:07 pm
Published on:
11 May 2022 05:05 pm
Also Read
View All