
Weather मुजफ्फरनगर में मौसम में हो रहा बदलाव लोगों को बीमार कर रहा है। ऐसा हम नहीं कह रहे चिकित्सकों ने यह हिदायत दी है। इसलिए सजग रहने की आवश्यकता है। दिन में बढ़ रही धूप और रात को चल रही हवाओं की वजह से दिन और रात के तापमान में भारी अंतर आ गया है। इससे दिन में गर्मी का अहसास हो रहा है और शाम ढलते ही हवाओं में ठंडक आ जाती है। यह बदलाव मानव शरीर के लिए उचित नहीं है।
मुजफ्फरनगर का तापमान दिल्ली और गाजियाबाद से बिल्कुल अलग रहता है। इसलिए यहां का मौसम भी एनसीआर से अधिक ठंडा हैं। शाम होते ही मौसम में ठंडक बढ़ने लगी है। रात में लोगों को पंखे बंद करने पड़ रहे हैं। कुछ क्षेत्रों में तो रात में गरम कपड़े तक निकल गए हैं। इसके विपरीत दिन में निकल रही धूप की वजह से दिन में एक बार फिर से गर्मी का अहसास होता है और शाम ढलते ही जैसे ही धूप खत्म होती है ठंडक का अहसास होने लगता है। चिकित्सकों का कहना है कि मौसम का यह बदलाव मानव शरीर को बीमार कर रहा है। जिला चिकित्सालय में बुखार, नजला और जुकाम के मरीज बढ़ रहे हैं। दिवाली पर चले पटाखों की वजह से भी हालात बिगड़ रगे हैं और नाक, कान, गले के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है।
मुजफ्फरनगर में शनिवार को अधिकतम तापमान 30 से 31 डिग्री और न्यूनतम तापमान 18 से 19 डिग्री रिकार्ड किया गया। तापमान के इस उतार चढ़ाव से ही आप अंदाजा लगा सकते हैं कि 24 घंटे में तापमान में कितना बदलाव हो रहा है। दिन में तापमान 31 डिग्री तक जा रहा है जबकि रात में तापमान गिरकर 19 डिग्री तक आ जा रहा है। इससे दिन में गर्मी और रात में सर्दी का अहसास हो रहा है। यही कारण है कि चिकित्सकों ने इस अवधि में बच्चों और बूढ़ों को स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने की सलाह दी है।