
नागौर. रैन बसेरों के संचालन के संबंध में उच्च न्यायालय के आदेश की पालना के लिए उपखण्ड अधिकारी नागौर दीपांशु सांगवान की ओर से गठित टीम ने शुक्रवार सुबह शहर में नगर परिषद के अधीन रैन बसेरों का निरीक्षण किया। याचिका में पारित आदेश एवं उपखण्ड अधिकारी नागौर के निर्देशानुसार टीम में शामिल नागौर तहसीलदार ओमप्रकाश सोनी, सूचना सहायक नरेन्द्र वर्मा व वाहन चालक घेवर राम ईनाणिया ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सर्किट हाउस के पीछे स्थित रैन बसेरे में 7 दिसम्बर के बाद तथा जयनाराण व्यास कॉलोनी स्थित रैन बसेरे में सम्बन्धित कर्मचारी/ठेकेदार अनुपस्थित पाया गया। वहां किशोर मिला और वहां पर भी 10 दिसम्बर 2019 के पश्चात किसी भी यात्री का ठहरना नहीं पाया गया।
प्रचार-प्रसार के लिए करेंगे निर्देशित नकाश गेट स्थित रैन बसेरे एवं पुराने बस स्टैण्ड स्थित रैन बसेरे में 3-3 लाभार्थी/यात्री मिलें। समस्त रैन बसेरों में सफाई व्यवास्था/बिस्तर/विद्युत/लॉकर एवं शौचालय की व्यस्था उचित पाई गई जबकि भोजन की व्यवस्था केवल नकाश गेट स्थित रैन बसेरे पर ही केवल एक समय प्रात: काल के लिए मिली। निरीक्षण में पाया गया कि जनता,यात्रियों वजरूरतमंतों को रैन बसेरों की जानकारी नहीं होने एवं पता मालूम नहीं होने तथा प्रचार-प्रसार के अभाव में इतनी उचित सुविधा के बावजूद भी सर्दी के मौसम में रैन बसेरे खाली हंै। इस सम्बन्ध में आयुक्त नगर परिषद नागौर को जरूरतमंदों, यात्रियों, जनता की जानकारी के लिए बस स्टैण्ड एवं रेलवे स्टेशन पर प्रचार किया जाए। रैन बसेरों की जानकारी का सूचना बोर्ड लगाया जाए ताकि अधिकाधिक जरूरतमंदों को राहत प्रदान की जा सके।