अब तक का सबसे बड़ा मायरा
डेह (नागौर). 'बीरा बणजे तू जायल रो जाट, बणजे खींयाला रो चौधरी।' मायरे के गीत की इन पंक्तियों को एक बार फिर साबित कर दिया है बुरड़ी के गरवा जाट परिवार ने। डेह तहसील (जायल उपखंड) क्षेत्र के बुरडी ग्राम के तीन भाइयों व पिता ने बुधवार को अब तक का सबसे बड़ा मायरा भरकर इतिहास रचा।
बुरडी के गरवा जाट परिवार ने नागौर जिले के ही झाडेली गांव में बेटी के 3 करोड़ 21 लाख का मायरा भरा है।बुरड़ी के भंवरलाल गरवा व उनके पुत्र हरेन्द्र, रामेश्वर व राजेंद्र ने झाड़ेली में बेटी गवरी देवी पत्नी भंवरलाल पोटलिया के भरे मायरे में 81 लाख रुपए रोकड़, 16 बीघा खेत व नागौर में रिंग रोड पर 30 लाख का भूखंड, 41 तोला सोना, 3 किलो चांदी, एक नया ट्रैक्टर व एक ट्रॉली धान से भरी हुई, एक स्कूटी दी है। इसके साथ ही झाड़ेली गांव के प्रत्येक परिवार को एक चांदी का सिक्का दिया है।
अनूठे मायरे की मिसाल है नागौर जिला
बहनों के मायरा भरने के लिए प्रसिद्ध नागौर जिले में हर साल कोई ना कोई ऐसा मायरा भरा जाता है जो इतिहास के पन्नों में दर्ज हो जाता है। पिछले एक महीने में आधा दर्जन मायरे ऐसे भरे गए हैं, जो एक-एक करोड़ तक के रहे, लेकिन बुधवार को झाड़ेली में भरे गए मायरे ने अब तक के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए।
यह रहे मौजूद
गरवा परिवार की ओर से मायरा भरने के दौरान इस दौरान भंवरलाल के पिता पूर्णाराम गरवा व भाई टीकूराम, घासीराम, ओमप्रकाश गरवा, पूर्व प्रधान रिद्धकरण लोमरोड, राजेश सांगवा, आरएलपी के जिलाध्यक्ष हनुमान भाकर, बुद्धाराम गर्वा, बीरबल कमेडिया, रामकिशोर सहित कई जनप्रतिनि मौजूद रहे।