
खींवसर (नागौर). पांचौड़ी पुलिस थाने के ग्राम करणू में बुधवार को शिकारियों ने ओरण भूमि से एक हरिण का शिकार कर लिया। घटना की जानकारी लगने के बाद बड़ी संख्या में वन्य जीव प्रेमियों ने शिकारियों का पीछा किया तो वह भाग छूटे। हालांकि पुलिस ने कुछ शिकारियों को हिरासत में लेकर उनसे हथियार भी बरामद किए हैं, लेकिन पुलिस ने इस मामले में पुष्टि नहीं की है। पुलिस का कहना है कि उन्होंने करणू से हरिण के अवशेष बरामद किए है। आरोपितों की तलाश चल रही है। पांचौड़ी थाना प्रभारी सिद्धार्थ प्रजापत ने बताया कि विश्नोई जाति के लोगों की सूचना पर पुलिस ने करणू गांव से हरिण के अवशेष बरामद किए है। वन विभाग की टीम ने भी मौका मुआयना किया है। शिकारियों की तलाश की जा रही है। फिलहाल मामले में किसी ने रिपोर्ट दर्ज नहीं करवाई है।
पीछा कर पकड़ा
सूत्रों के अनुसार करणू की ओरण भूमि पर बुधवार दोपहर चार-पांच शिकारियों ने एक हरिण का शिकार कर लिया। इस दौरान पास ही स्थित एक टावर पर काम कर रहे विश्नोई जाति के लोगों को शिकार की जानकारी लगी तो उन्होंने अपने गांव से बड़ी संख्या में लोगों को बुला लिया और सभी ने वाहनों से शिकारियों का पीछा किया। इस तरह का घटनाक्रम देखकर कुछ लोगों ने पांचौड़ी पुलिस को इत्तला की तो पांचौड़ी थाना प्रभारी एवं खींवसर थाना प्रभारी रमेशसिंह बिटï्ठु ने शिकारियों का पीछा करते हुए चार-पांच लोगों को पकड़ा है। ं उनसे हथियार बरामद होने की भी जानकारी मिली है। हालांकि पुलिस ने शिकारियों को पकडऩे एवं हथियार बरामद करने की बात से नकारा है। उधर देर रात विश्नोई जाति के बड़ी संख्या में लोग पुलिस थाने में मामला दर्ज करवाने की कार्रवाई में जुटे हुए थे।
देर रात दी रिपोर्ट
करणू में हुए हिरण शिकार को लेकर देर रात अलाय निवासी हंसराज विश्नोई ने तीन शिकारियों के खिलाफ पांचौड़ी पुलिस थाने में रिपोर्ट पेश की है। हंसराज ने रिपोर्ट में बताया कि वह बुधवार को जोधपुर जा रहा था। इस दौरान करणू के पास हिरण शिकार कर लेकर जा रहे मुल्जिम चेनाराम पुत्र घेवरराम, चूनाराम पुत्र पूसाराम भील, नेनूराम पुत्र पुसाराम भील को रोकने पर उन्होंने बन्दूक से फायर भी किया। इसके बाद उसने वन्य जीव प्रेमी ओमप्रकाश विश्नोई को सूचना दी। इस पर वह वन विभाग की टीम व पुलिस को लेकर मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मुल्जिमों से हरिण का अवशेष बरामद कर लिया।