नर्मदापुरम. गर्मी का असर बिजली कंपनी के उपकरणों पर भी दिख रहा है। इनमें लगातार खराबी आ रही है। 1 मई से 10 जून तक डिविजन के 3 ट्रांसफॉर्मर फेल हो गए। इसके अलावा सर्विस लाइन के टूटने और खराब होने की घटनाएं भी लगातार हो रही हैं। उपकरणों में आ रही खराबी के कारण 42 दिन में 1935 बार शहरी क्षेत्र की बिजली सप्लाई बंद हुई।
ानकारी के मुताबिक तेज गर्मी के कारण बिजली उपकरण गर्म हो जाते हैं। तपन से मई माह में 2 और जून माह के 10 दिन में 1 ट्रासफॉर्मर फेल हो गया है। इस कारण बिजली सप्लाई प्रभावित हुई है। ट्रांसफॉर्मरों को ठंड़ा रखने बिजली कंपनी ने पिछले दिनों 210 ट्रांसफॉर्मरों में 2000 लीटर और 3 पावर ट्रांसफॉर्मरों में 350 लीटर ऑयल डाला था। इसके अलावा फेफरताल सब स्टेशन पर ट्रंासफॉर्मरों को ठंडा करने कूलर भी लगाए हैं। इसके बाद भी खराबी आ रही है। उपकरणों की खराबी और ट्रेपिंग के कारण लगातार आम उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है। कंपनी के मुताबिक 1 मई से 10 जून तक शहरी क्षेत्र में 1932 बिजली बंद होने की शिकायतें दर्ज कराई हैं। शिकातयों पर अमले को भेज कर सप्लाई को सुचारू कराया है।
तपन और अचानक तेज हवा के कारण सर्विस लाइन भी प्रभावित हो रही है। कंपनी के मुताबिक मई से 10 जून तक 33 केवी सर्विस लाइन टूटने की 2, 11 केवी की 2, एलटी टूटने की 3 घटनाएं हो चुकी हैं। इसके कारण सप्लाई प्रभावित हुई है।
अघोषित बिजली कटौती ने कर दिया परेशान
इटारसी. गर्मी के साथ सबसे दुखदायी क्षण अघोषित कटौती होता है। शहर के अनेक इलाकों में 24 घंटे में 10 से 15 बार बिजली सप्लाई बाधित होने से लोगों का जीना मुहाल कर दिया। बिजली कंपनी के शहर प्रबंधक अखिलेश कनौजे का कहना है कि गर्मी की वजह से एससी-कूलर अधिक संख्या में चलने से बिजली उपकरण पर लोड अधिक पडऩे से डिफाल्ट आ जाता है। इसे सुधारने के लिए कुछ देर के लिए मुख्य लाइन से सप्लाई बंद करनी पड़ती है। इसकी सूचना कंपनी वॉटसशेप ग्रुप पर दे दी जाती है।
ट्रांसफॉर्मरों की कूलिंग के लिए आयल डाला गया है। उनके वैलेसिंग भी कराई गई है। कुछ सब स्टेशनों पर ट्रांसफार्मरों के सामने कूलर भी लगाए गए हैं। इस समस्या से निपटने के लिए 5 सालों की प्लानिंग की गई है। इसके तहत काम किया जा रहा है।
भूपेन्द्र बद्येल, डीजीएम नर्मदापुरम,