Vande Bharat Viral Video: अहमदाबाद–मुंबई वंदे भारत ट्रेन में खाने में कीड़ा मिलने से यात्रियों में आक्रोश देखने को मिला। IRCTC ने कंपनी पर जुर्माना लगाया और कॉन्ट्रैक्ट समाप्त किया।
Vande Bharat Train Food Insect: अहमदाबाद से मुंबई जा रही वंदे भारत ट्रेन में खाने की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर बड़ा मामला सामने आया है। यात्रियों को परोसे गए खाने में कीड़ा मिलने की घटना ने न केवल यात्रिओं को चौंका दिया, बल्कि रेलवे की फूड सर्विस पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले में IRCTC ने तुरंत कार्रवाई करते हुए संबंधित कंपनी पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है और कॉन्ट्रैक्ट समाप्त करने का नोटिस भी जारी किया है।
यह घटना उस समय सामने आई जब ट्रेन में सफर कर रहे यात्रियों ने अपने भोजन में कीड़े देखने की शिकायत की। यात्रियों ने इस पूरी घटना की तस्वीरें खींचकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर शेयर कीं, जिससे मामला तेजी से वायरल हो गया। आदित्य डिडवानिया नामक एक यूजर ने सबसे पहले इस मुद्दे को उठाया और बताया कि उनके खाने में कीड़े पाए गए।
हैरानी की बात यह रही कि यह कोई एक मामला नहीं था। उसी कोच में कम से कम दो यात्रियों को इसी तरह की समस्या का सामना करना पड़ा। लगातार शिकायतों के बाद कई यात्रियों ने एहतियात के तौर पर भोजन करना ही बंद कर दिया। इससे ट्रेन में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए IRCTC ने तुरंत जांच शुरू की। यह भोजन M/S ब्रंदावन फूड प्रोडक्ट्स (RK ग्रुप) द्वारा सप्लाई किया गया था। प्रारंभिक जांच के बाद कंपनी पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया और कॉन्ट्रैक्ट समाप्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
IRCTC अधिकारियों के अनुसार, घटना के तुरंत बाद प्रभावित कोच में डीप क्लीनिंग और पेस्ट कंट्रोल कराया गया। अधिकारियों ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा, स्वच्छता और गुणवत्ता हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है, और ऐसी लापरवाही को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस घटना ने न केवल रेलवे की खानपान व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं, बल्कि यात्रियों की सेहत और सुरक्षा को लेकर भी गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं। लंबे सफर के दौरान यात्री पूरी तरह से रेलवे द्वारा उपलब्ध कराए गए भोजन पर निर्भर रहते हैं, ऐसे में इस तरह की लापरवाही फूड सेफ्टी मानकों की अनदेखी को दर्शाती है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में सख्त निगरानी, नियमित निरीक्षण और जिम्मेदार एजेंसियों पर कड़ी कार्रवाई बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में यात्रियों का भरोसा बना रहे और उन्हें सुरक्षित व गुणवत्तापूर्ण भोजन मिल सके।