
Amitabh Bachchan Bulletproof Security: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन की लोकप्रियता आज भी करोड़ों प्रशंसकों को उनके घर तक खींच लाती है, लेकिन इस बार उनके रविवार दर्शन का अंदाज चर्चा का विषय बन गया। मुंबई स्थित जलसा के बाहर बुलेटप्रूफ सुरक्षा कवच के पीछे से प्रशंसकों का अभिवादन करने की तस्वीर ने राजनीतिक बहस को भी हवा दे दी है। कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने इसी घटनाक्रम को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा और फिल्मी संवादों के जरिए सियासी कटाक्ष किया।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन इन दिनों अपनी फिल्मों या अभिनय के बजाय सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सुर्खियों में हैं। मुंबई स्थित उनके बंगले जलसा के बाहर प्रशंसकों से मुलाकात के दौरान बुलेटप्रूफ सुरक्षा कवच का इस्तेमाल चर्चा का विषय बना। इसी घटनाक्रम पर महाराष्ट्र कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने केंद्र की मोदी सरकार को निशाने पर लेते हुए ऐसा व्यंग्य किया, जिसने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है।
सावंत ने सोशल मीडिया X पर अमिताभ बच्चन की सुरक्षा को लेकर कटाक्ष करते हुए केंद्र सरकार से एक काल्पनिक योजना शुरू करने की मांग की। उन्होंने इसे 'नमो बॉलीवुड जीवन सुरक्षा योजना' नाम दिया और सुझाव दिया कि बॉलीवुड कलाकारों को फिल्म 'दीवार' में दिखाए गए 786 नंबर वाले बैज की तरह सुरक्षा पहचान चिह्न दिया जाना चाहिए।
कांग्रेस नेता का यह बयान सीधे तौर पर अमिताभ बच्चन की फिल्मी छवि और मौजूदा सुरक्षा व्यवस्था के बीच तुलना करता है। सावंत ने फिल्म 'दीवार' के उस दौर का उल्लेख किया, जब अमिताभ बच्चन को पर्दे पर अन्याय के खिलाफ खड़े होने वाले एंग्री यंग मैन के रूप में पहचाना जाता था। उनके मुताबिक, आज उसी अभिनेता को सुरक्षा कवच के पीछे देखकर कई सवाल उठते हैं।
सचिन सावंत ने अपने बयान में अमिताभ बच्चन के पुराने सोशल मीडिया पोस्ट का भी हवाला दिया। उन्होंने याद दिलाया कि अभिनेता पहले पेट्रोल की कीमतों और डॉलर के मुकाबले रुपये की गिरती कीमत पर ट्वीट किया करते थे।
कांग्रेस नेता ने व्यंग्य करते हुए कहा कि अब अमिताभ बच्चन को देश की सुरक्षा व्यवस्था पर भी अपनी राय रखनी चाहिए। उन्होंने तंज कसा कि अभिनेता को अब यह संदेश देना चाहिए कि मोदी सरकार के नेतृत्व में देश सुरक्षित है।
हालांकि, यह टिप्पणी अमिताभ बच्चन की ओर से किसी राजनीतिक प्रतिक्रिया का प्रमाण नहीं है। सावंत ने अपने बयान के जरिए अभिनेता की पुरानी सार्वजनिक टिप्पणियों और वर्तमान सुरक्षा परिस्थिति के बीच एक राजनीतिक तुलना पेश की है।
सावंत ने अपने कटाक्ष को और धार देने के लिए अमिताभ बच्चन की एक अन्य चर्चित फिल्म 'शोले' का सहारा लिया। उन्होंने गब्बर सिंह के किरदार का उल्लेख करते हुए बीजेपी पर हमला बोला।
कांग्रेस नेता का आरोप था कि जिस तरह फिल्म में गब्बर के आतंक से बचाने वाले का संदर्भ उसी गब्बर से जुड़ता है, उसी तरह बीजेपी के कथित डर से बचाने के लिए भी बीजेपी को ही समाधान के रूप में पेश किया जा रहा है।
उन्होंने इस बयान के जरिए केंद्र की सत्तारूढ़ पार्टी पर राजनीतिक विरोधियों और सुरक्षा संबंधी चिंताओं को लेकर निशाना साधा। यह पूरा बयान व्यंग्यात्मक राजनीतिक टिप्पणी है, न कि किसी सुरक्षा एजेंसी की आधिकारिक रिपोर्ट।