पश्चिम बंगाल में चुनावी पारा चढ़ा! अमित शाह ने कोलकाता में घुसपैठ और महिला सुरक्षा को लेकर ममता सरकार पर साधा निशाना, बोले- 'बीजेपी सरकार आते ही चुन-चुनकर बाहर निकालेंगे घुसपैठिए'। वहीं ममता बनर्जी ने 'दुशासन-दुर्योधन' वाले बयान से किया तीखा पलटवार। पढ़ें पूरी सियासी जंग।
Battle for Bengal: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने मंगलवार को कोलकाता में दावा किया कि भाजपा आगामी विधानसभा चुनाव में दो-तिहाई बहुमत के साथ राज्य में अगली सरकार बनाएगी। शाह ने बांग्लादेशियों की घुसपैठ के मुद्दे पर राज्य की ममता बनर्जी सरकार को घेरा और कहा कि भाजपा सरकार बनने पर घुसपैठियों की पहचान कर बाहर निकाला जाएगा। जब तक सीमा पर फेंसिंग नहीं होती, तब तक बीएसएफ सुरक्षा नहीं कर सकती। उन्होंने आरोप लगाया कि ममता सरकार फेंसिंग के लिए जमीन नहीं दे रही। उन्होंने मुख्यमंत्री को इस बारे में सात पत्र लिखे। शाह ने सवाल उठाया कि जमीन देने में उन्हें किस बात का डर है? क्या वे घुसपैठ होने देना चाहते हैं?
शाह ने कहा कि टीएमसी के 15 साल के शासन में भय, भ्रष्टाचार, कुशासन और घुसपैठ से बंगाल की जनता भयभीत है। बीजेपी की सरकार बनने पर विकास की गंगातेज गति से बहेगी। महिला सुरक्षा के मुद्दे पर शाह ने कहा कि यहां महिलाओं को सलाह दी गई है कि शाम सात बजे बाद घरों से बाहर नहीं निकलना चाहिए। महिलाएं जब चाहें सुरक्षित रूप से बाहर निकल सकें यह उनका संवैधानिक अधिकार है। ममता सरकार इसमें विफल रही।
अमित शाह के आरोपों पर पलटवार करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (mamata banerjee) ने कहा कि जैसे ही चुनाव आते हैं बंगाल में दुशासन और दुर्योधन दिखने लगते हैं। उन्होंने कहा कि यदि राज्य सरकार ने फेंसिंग के लिए जमीन नहीं दी तो पेट्रापोल और अंदाल जैसे इलाकों में बुनियादी ढांचा कैसे खड़ा हुआ। अवैध घुसपैठ पर ममता ने कहा, बीजेपी कहती है कि घुसपैठिए सिर्फ बंगाल से आते हैं। अगर ऐसा है तो पहलगाम में हमला किसने कराया? दिल्ली में जो घटना हुई, उसके पीछे कौन था? ममता ने कहा कि बीजेपी एसआईआर के नाम पर परेशान कर रही है। एआई की मदद से मतदाता सूची से नाम हटाए जा रहे हैं।