
Eid Holiday Cancelled: हरियाणा में ईद-उल-फितर की छुट्टी रद्द किए जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। राज्य सरकार द्वारा अचानक छुट्टी रद्द करने के फैसले पर मुस्लिम समुदाय और विपक्षी दलों ने कड़ी नाराजगी जताई है। कई लोगों ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पर धार्मिक भेदभाव का आरोप लगाया है और इस फैसले को मुस्लिम समुदाय के खिलाफ बताया है। इस फैसले के बाद राज्य में विरोध तेज हो गया। कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने सरकार पर मुस्लिम समुदाय के त्योहारों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
हरियाणा सरकार ने सरकारी कर्मचारियों ईद की छुट्टी रद्द कर दी है। इसके बाद से सोशल मीडिया पर विवाद छिड़ गया है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नोटिफिकेशन जारी कर ईद की छुट्टी कैंसिल कर दी है। बीजेपी सरकार के इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर नया विवाद पैदा हो गया है। यूजर्स जमकर सीएम नायब सिंह सैनी की खिचाई कर रहे है। बीजेपी सरकार को मुस्लिम विरोधी बताते हुए गंभीर आरोप लगा रहे है।
मुस्लिम संगठनों ने सरकार से तुरंत छुट्टी बहाल करने की मांग की है। सोशल मीडिया पर भी इस फैसले को लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। वहीं, सरकार का कहना है कि प्रशासनिक कारणों से यह बदलाव किया गया है और जरूरत पड़ने पर संशोधन किया जा सकता है। फिलहाल, इस मुद्दे को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है।
kanna नाम के एक यूजर ने हरियाणा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने लिखा, शर्म आनी चाहिए बीजेपी सरकार पर, वो जानबूझकर मुसलमानों के खिलाफ ऐसा कर रहे हैं।
dan god के अन्य यूजर ने बीजेपी सरकार से पूछा है कि वह मुसलमानों से इतनी नफरता क्यों करते है। उन्होंने एक्स पर लिखा, मुस्लिमों के त्योहार के भी नफ़रत।
Mohammad Anas नाम के यूजर ने भी हरियाणा सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि रविवार की छुट्टी भी कैंसिल कर देते आरएसएस के सिपाही। फिर लगता कि तुम्हारी सोच गंदी और सांप्रदायिक राजनीति करने की नहीं है।
एक अन्य यूजर ने एक्स पर लिखा, कितने अच्छे मंत्री हैं हमारे देश के… वैसे अच्छा किया अगर इरादा से ईद को प्रतिबंधित छुट्टी किया है, लेकिन होली भी तो मार्च में आई थी। इस मौके पर 3 दिनों तक बंद रहा।
सोशल मीडिया पर लोग जमकर सैनी सरकार पर निशाना साध रहे है। एक ने लिखा, शुक्रिया नफ़रत फेलाने के लिए। दूसरे ने लिखा, सीधे सीधे ना बोल पाये जो ईद के छुट्टी नहीं दूंगा!!!