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Happy Gandhi Jayanti 2021: आज गांधी जयंती पर इन Wishes, Quotes और SMS से अपने परिचितों और दोस्तों को दें शुभकामनाएं

Happy Gandhi Jayanti 2021: आज राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर आप भी अपने दोस्तों, रिश्तेदारों और परिचितों को गांधी की सीख से प्रेरित बधाई संदेश भेज कर शुभकामनाएं दे सकते हैं। आइए हम सभी उनके द्वारा सिखाई गई बातों का पालन करने और उनके मार्ग पर चलने की दिशा में पहला कदम उठाएं। पढ़िए ऐसे ही कुछ Wishes, Quotes, SMS के बारे में

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Oct 02, 2021

Happy Gandhi Jayanti 2021: नई दिल्ली। भारत की स्वाधीनता की लड़ाई लड़ने वाले महात्मा गांधी ने न केवल देश वरन पूरे विश्व को अहिंसा का मंत्र दिया। अहिंसा के मार्ग पर चल कर भारत, दक्षिण अफ्रीका और म्यांमार सहित कई देशों ने अपनी आजादी हासिल की। उनकी इसी सीख को याद करने के लिए आज 2 अक्टूबर के दिन पूरे देश में अहिंसा दिवस मनाया जाता है। इस अवसर पर आप भी अपने दोस्तों, रिश्तेदारों और परिचितों को गांधी की सीख से प्रेरित बधाई संदेश भेज कर शुभकामनाएं दे सकते हैं। आइए गांधी जयंती के अवसर पर हम सभी उनके द्वारा सिखाई गई बातों का पालन करने और उनके मार्ग पर चलने की दिशा में पहला कदम उठाएं। पढ़िए ऐसे ही कुछ Wishes, Quotes, SMS के बारे में

जब तक गलती करने की स्वतंत्रता ना हो तब तक स्वतंत्रता का कोई मतलब नहीं है।

मेरा मन मेरा मंदिर है। मैं किसी को भी अपने गंदे पांव के साथ मेरे मन से नहीं गुजरने दूंगा।

आपको मानवता में विश्वास नहीं खोना चाहिए। मानवता सागर के समान है, यदि सागर की कुछ बूंदें गंदी हैं तो पूरा सागर गंदा नहीं हो जाता।

गुलाब को उपदेश देने की आवश्यकता नहीं होती। वह तो केवल अपनी खुशबू बिखेरता है। उसकी खुशबू ही उसका संदेश है।

जो समय बचाते हैं, वे धन बचाते हैं और बचाया हुआ धन, कमाए हुए धन के बराबर होता है।

एक राष्ट्र की संस्कृति उसमें रहने वाले लोगों के दिलों में और आत्मा में रहती है।

पहले वो आप पर ध्यान नहीं देंगे, फिर वो आप पर हंसेंगे, फिर आप से लड़ेंगे और तब आप जीत जाएंगे।

अगर आप खुद को खोजना चाहते हैं तो सबसे बढ़िया तरीका है, आप दूसरों की सेवा में खुद को खो दो।

इस तरह से जियें जैसे आप कल मरने वाले हैं। इस तरह से सीखें जैसे आप वर्षों जीवित रहने वाले हैं।

प्रार्थना करने में शब्दों से जयादा दिल का होना जरूरी हैं। बिना दिल के शब्दों से की गई प्रार्थना निरार्थक हैं।

श्रेष्ठ होने का अनंत प्रयास मनुष्य का कर्तव्य है; यह अपना प्रतिफल है। बाकी सब कुछ भगवान के हाथ में है।

श्रेष्ठ होने का अनंत प्रयास मनुष्य का कर्तव्य है; यह अपना प्रतिफल है। बाकी सब कुछ भगवान के हाथ में है।

अपनी गलती को स्वीकार करना झाड़ू लगाने के समान है जो सतह को चमकदार और साफ़ कर देती है।

चिंता के आलावा शरीर को बर्बाद करने वाला कुछ भी नहीं है, और जो ईश्वर पर भरोसा करता है उसे चिंता करने में शर्म आनी चाहिए।

जो व्यक्ति स्वतंत्रता के बारे में सोचता है, वो किसी अन्य को गुलाम बनाने के बारे में नहीं सोच सकता।

किसी संस्कृति को नष्ट करने के लिए आपको किताबें नहीं जलानी होंगी। बस लोग उन्हें पढ़ना बंद कर दें।

Published on:
02 Oct 2021 08:07 am
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