
Flood Alert Update: देशभर में पहाड़ों से लेकर मैदानों राज्यों तक झमाझम बारिश का दौर जारी है। लगातार बारिश से कुछ राज्यों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। हिमाचल प्रदेश के चंबा में मूसलाधार बारिश (Monsoon Alert) के बाद अचानक आई बाढ़ से घरों और दुकानों में मलबा भर गया। उत्तराखंड के चमोली, टिहरी, उत्तरकाशी और रुद्रप्रयाग में भूस्खलन हुआ, जबकि केदारनाथ हाईवे कई स्थानों पर बंद करना पड़ा। दिल्ली में तेज बारिश से कई इलाकों में जलभराव हो गया। उत्तर प्रदेश में लगातार बारिश के कारण अधिकतर नदियां उफान पर आ गई हैं।
मध्यप्रदेश में आकाशीय बिजली गिरने से पिछले 24 घंटे में छह लोगों की मौत हो गई। राज्य की कई नदियां और नाले उफान पर हैं। उधर चंडीगढ़ में पंजाब यूनिवर्सिटी में एक छात्रा की करंट लगने से मौत हो गई। पूर्वोत्तर में असम के कई क्षेत्रों में बाढ़ से जनजीवन प्रभावित है। वहीं, लगातार बारिश के कारण भाखड़ा और पोंग बांध का जलस्तर भी बढ़ गया है, जिससे पंजाब और चंडीगढ़ में सतर्कता बरती जा रही है। मौसम विभाग ने अगले 24 से 48 घंटों के दौरान 11 राज्यों में भारी से अति भारी बारिश, आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है।
आइएमडी (IMD) के अनुसार मानसून अगले एक सप्ताह तक मध्य भारत, उत्तर-पश्चिम भारत और पूर्वोत्तर में सक्रिय बना रहेगा। मध्य प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, बिहार, झारखंड और पूर्वोत्तर राज्यों में अगले दो दिनों तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
मानसून (Flood Alert) ने इस बार एक दिन देरी के साथ 9 जुलाई को पूरे देश को कवर कर लिया था। पिछले दिनों में मानसून की भारी बारिश के कारण गुजरात, असम, अरूणाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, महाराष्ट्र में बाढ़ के हालात बने। इसके बावजूद देश में 28 जुलाई तक सामान्य औसत बारिश 418.9 एमएम की तुलना में 352.9 एमएम बारिश यानी 16 प्रतिशत कम बारिश हुई है। देश के 15 राज्यों में अभी बारिश की कमी है।