राष्ट्रीय

भारत-जापान रिश्तों में नई गर्माहट: जयशंकर ने जापान के नए विदेश मंत्री से क्या कहा

Jaishankar Congratulates Japan:जयशंकर ने जापान के नए विदेश मंत्री मोतेगी तोशिमित्सु को बधाई दी, साझेदारी बढ़ाने का संकल्प लिया।

2 min read
Oct 21, 2025
भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने जापान के नए विदेश मंत्री मोतेगी तोशिमित्सु। (फोटो: ANI)

Jaishankar Congratulates Japan: भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने जापान के नए विदेश मंत्री मोतेगी तोशिमित्सु (Motegi Toshimitsu) को उनकी नियुक्ति पर हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारत और जापान की खास साझेदारी को और मजबूत करने के लिए साथ काम करने की इच्छा है। यह बधाई 21 अक्टूबर 2025 को एक्स पर पोस्ट की गई, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते रणनीतिक रिश्तों को दिखाती है। एस. जयशंकर (Jaishankar Congratulates Japan) ने तोशिमित्सु को अपना दोस्त कहकर रिश्तों की गर्मजोशी जाहिर की। इससे पहले, पीएम नरेंद्र मोदी ने जापान की पहली महिला पीएम साने ताकाइची को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारत-जापान का गहरा रिश्ता हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति और तरक्की लाएगा। एक्स पर पोस्ट में पीएम मोदी ( PM Modi) ने ताकाइची के साथ साझेदारी को और बेहतर करने की इच्छा जताई। यह बधाई जापान के नए नेतृत्व को वैश्विक मंच पर मजबूती देती है। दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार और तकनीक में सहयोग बढ़ने की उम्मीद है।

ताकाइची का वादा: मेहनत से देश का नया रूप

साने ताकाइची ने अपनी पार्टी एलडीपी के सदस्यों को संबोधित करते हुए जापान के पुनर्निर्माण का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि हर पीढ़ी को जोड़कर और कड़ी मेहनत से देश को नई दिशा देंगे। ताकाइची ने "वर्क-लाइफ बैलेंस" को छोड़ने का ऐलान किया और बोलीं, "मैं दिन-रात काम करूंगी।" उन्होंने मार्गदर्शन की मांग की, जो उनकी विनम्रता को दर्शाता है। यह भाषण जापान की आर्थिक चुनौतियों से निपटने की उनकी योजना को उजागर करता है।

चुनाव की जीत: पहली महिला पीएम का रिकॉर्ड

ताकाइची को मंगलवार को संसद ने 237 वोटों से पीएम चुना, जो विपक्षी नेता योशिहिको नोडा के 149 वोटों से ज्यादा था। यह उनकी पहली कोशिश में जीत थी, जिससे दूसरा दौर टल गया। क्योदो न्यूज के मुताबिक, 64 साल की ताकाइची ने एलडीपी और जेआईपी के गठबंधन से बहुमत हासिल किया। यह जापान के इतिहास में पहली बार है जब कोई महिला इस पद पर पहुंची, जो उनकी लोकप्रियता को दिखाता है।

आगे की राह: चुनौतियां और अवसर

बहरहाल ताकाइची के सामने आर्थिक सुस्ती और पार्टी एकता की चुनौती है। जयशंकर और मोदी की बधाई से भारत-जापान रिश्तों में नई ऊर्जा आएगी। हिंद-प्रशांत में सहयोग बढ़ेगा, जिसमें रक्षा और तकनीक शामिल हैं। जापान की नई सरकार से क्षेत्रीय स्थिरता की उम्मीद है। यह साझेदारी दोनों देशों के लिए फायदेमंद होगी। ( ANI)

Updated on:
21 Oct 2025 06:32 pm
Published on:
21 Oct 2025 06:31 pm
Also Read
View All

अगली खबर