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केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर आई AAP प्रमुख केजरीवाल की प्रतिक्रिया, बोले- आपके मंसूबे नहीं होंगे कामयाब

अमित शाह के बयान पर अरविंद केजरीवाल ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने नशे, गैंगस्टरवाद, चंडीगढ़ और पंजाब के अधिकारों को लेकर बीजेपी पर निशाना साधा। जानिए केजरीवाल ने अपनी पोस्ट में और क्या कहा।
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Oct 16, 2026
Arvind Kejriwal
अरविंद केजरीवाल।(फोटो-IANS)

पंजाब की सियासत में नशे और गैंगस्टरवाद को लेकर घमासान तेज हो गया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पलटवार किया है। केजरीवाल ने बीजेपी पर पंजाब में नशे के कारोबार, गैंगस्टरों को संरक्षण देने और राज्य के अधिकारों पर नजर रखने जैसे गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने पंजाब के पानी, पंजाब यूनिवर्सिटी और चंडीगढ़ का जिक्र करते हुए कहा कि पंजाब ऐसा कभी नहीं होने देगा।

अमित शाह के बयान पर केजरीवाल का पलटवार

अमित शाह के बयान पर पलटवार करते हुए अरविंद केजरीवाल ने अपने X अकाउंट पर बीजेपी पर पंजाब में नशा फैलाने और गैंगस्टरों को संरक्षण देने के आरोप लगाए। उन्होंने अदानी पोर्ट के रास्ते नशा फैलाने, साबरमती जेल में गैंगस्टर को संरक्षण देने और 2007 से 2017 के बीच अकाली दल के साथ मिलकर पंजाब में नशा फैलाने का आरोप लगाया।
केजरीवाल ने सवाल उठाया कि अब उसी पार्टी के साथ मिलकर पंजाब में नशे का कारोबार करके फिर से अरबों रुपये कमाने के सपने देखे जा रहे हैं? उन्होंने यह भी कहा कि आज सबसे ज्यादा नशा उन राज्यों में है, जहां कई सालों से बीजेपी की सरकारें हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दूसरे राज्यों में नशे का कारोबार करने के बाद अब पंजाब को बर्बाद करने की कोशिश की जा रही है।

पंजाब के पानी, यूनिवर्सिटी और चंडीगढ़ का भी किया जिक्र

केजरीवाल ने कहा कि जनता जानती है कि बीजेपी की नजर पंजाब के पानी, पंजाब यूनिवर्सिटी और चंडीगढ़ पर है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी फिर से तीनों काले कानून लाना चाहती है। केजरीवाल ने अपने बयान के अंत में कहा कि पंजाब ऐसा कभी नहीं होने देगा।

पंजाब में नशे और गैंगस्टरवाद पर उठे सवाल, मान सरकार से मांगा जवाब

पंजाब आज नशे, गैंगस्टरवाद और संगठित अपराध के बढ़ते खतरे से जूझ रहा है। भगवंत मान सरकार के सामने सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर पंजाब की जनता की सुरक्षा कौन करेगा? दिरबा में एक पिता के दबाव में जहर खाने और मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले परविंदर सिंह झोटा की दिनदहाड़े हत्या ने पंजाब की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। परविंदर के पिता ने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार और उसके विधायक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। गृह मंत्रालय भी इन दोनों घटनाओं को लेकर पंजाब सरकार से जवाब मांगेगा।
पंजाब में नशे का कारोबार बढ़ रहा है और संगठित अपराध का खतरा भी बढ़ता जा रहा है। नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

'प्रचार नहीं, जवाब चाहिए', पंजाब को सुरक्षित बनाने का संकल्प

भगवंत मान को संबोधित करते हुए कहा गया कि पंजाब की जनता को प्रचार नहीं, जवाब और घोषणाएं नहीं, बल्कि परिणाम चाहिए। नशे के नेटवर्क पर निर्णायक कार्रवाई होनी चाहिए और अपराधियों को मिलने वाले किसी भी राजनीतिक संरक्षण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
बयान में पंजाब की जनता के सामने संकल्प दोहराया गया कि राज्य में सरकार बनने पर पंजाब को नशामुक्त, गैंगस्टरमुक्त और सुरक्षित बनाने के लिए पूरी ताकत से काम किया जाएगा। नशे के कारोबार पर कार्रवाई, युवाओं के भविष्य की रक्षा और अपराधियों के खिलाफ सख्त कदम उठाना प्राथमिकता होगी। साथ ही, कानून का ऐसा राज बनाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें किसी भी नागरिक को डर के साये में जीने के लिए मजबूर न होना पड़े।

Updated on:
16 Oct 2026 01:10 pm
Published on:
16 Oct 2026 12:41 pm