Madrassa demolished in Assam: यूपी की तरह ही असम में भी आतंकवादियों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जा रहा है। यहाँ आतंकी गतिविधियों में लिप्त पाए जाने पर एक मदरसे पर बुलडोजर चला दिया गया है।
असम में भी उत्तर प्रदेश की तरह ही अपराध और आतंकवाद के खिलाफ सख्त एक्शन ले रही है। इसी क्रम में एक आतंकी मुस्तफा उर्फ मुफ्ती मुस्तफा द्वारा चलाए जा रहे मदरसे को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया है। मुफ्ती मुस्तफा का कनेक्शन बांग्लादेश स्थित आतंकी संगठन से है जिसे हाल ही में गिरफ्तार किया गया है। इस आतंकी से जुड़े जमाउल-हुडा मदरसा को आज असम पुलिस ने गिरा दिया है। इस मदरसे की बिल्डिंग को जिला प्रशासन ने खतरनाक बताया था।
मदरसे में आतंकी गतिविधियों को दिया जा रहा था बढ़ावा
मोरीगांव जिले की SP अपर्णा एन ने इसकी जानकारी देते हुए कहा, ''मोइराबारी इलाके में मुफ्ती मुस्तफा द्वारा संचालित जमीउल हुदा मदरसा को आज ध्वस्त कर दिया गया है।'' इस मदरसे पर आतंकी गतिविधियों को बढ़ावा देने के आरोप हैं।
आतंकी संगठन से कनेक्शन
बता दें कि मुफ्ती मुस्तफा का बांग्लादेश स्थित आतंकी संगठन अंसारुल्लाह बांग्ला टीम और एक्यूआईएस के साथ कनेक्शन सामने आया था जिसके बाद उसे गिरफ्तार किया गया था। असम पुलिस ने इस संगठन से जुड़े 12 जिहादियों को अल-कायदा और अंसारुल्लाह बांग्ला टीम जैसे आतंकी संगठन से कनेक्शन के सामने आने के बाद मोरीगांव और बारपेटा से गिरफ्तार किया था। इस गिरफ़्तारी से पहले बंगलादेशी आतंकी को पनाह देने वाले स्लीपर सेल का भंडाफोड़ किया गया रहा।
देश में अंसारुल्लाह बांग्ला टीम आतंकी संगठन की जड़ें फैली हुई हैं और ये पाकिस्तान और बांग्लादेश की सीमा से घुसपैठ की कोशिशें भी करते रहे हैं। हाल ही में यूपी और असम ने देश के सीमावर्ती इलाकों में घुसपैठ से जुड़ी रिपोर्ट केन्द्रीय गृह मंत्रालय को सौंपी थी। इस रिपोर्ट में कहा गया था कि सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष समुदाय की जनसंख्या में 2011 के बाद से 32 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। जबकि इस अवधि के दौरान देश में जनसंख्या परिवर्तन का आंकड़ा 15 प्रतिशत तक रहा है।