केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कोरोना वायरस महामारी के दौरान त्योहारी सीजन को देखते हुए कोविड-19 गाइडलाइंस को आगामी 30 नवंबर तक के लिए बढ़ा दिया है। नवीनतम दिशानिर्देशों के अंतर्गत कंटेनमेंट जोन में पहले की ही तरह पाबंदियां लागू रहेंगी।
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्रालय (एमएचए) ने गुरुवार को देश में कोरोना वायरस से जुड़े प्रतिबंधों संबंधी अपने दिशानिर्देशों को आगामी 30 नवंबर तक के लिए बढ़ा दिया है। गृह मंत्रालय ने अपने आदेश में कहा है कि 50 प्रतिशत तक बैठने की क्षमता वाले सिनेमा, थिएटर और मल्टीप्लेक्स खोलने जैसी विभिन्न गतिविधियों की अनुमति देने वाले मौजूदा दिशानिर्देश 30 नवंबर तक कंटेनमेंट जोन के बाहर के क्षेत्रों में लागू रहेंगे। इससे पहले 30 सितंबर को जारी गतिविधियों को फिर से खोलने के दिशानिर्देश 31 अक्टूबर तक लागू होने थे। महामारी और आने वाले त्योहारी सीजन को देखते हुए यह फैसला लिया गया है।
मंत्रालय द्वारा जारी ताजा आदेश में कहा गया है कि नवीनतम दिशानिर्देशों में कोई नया बदलाव नहीं किया गया है और सभी प्रमुख गतिविधियों की अनुमति पहले ही दी जा चुकी है, लेकिन कंटेनमेंट जोन में सख्त तालाबंदी जारी रहेगी।
मंत्रालय ने कहा कि उसने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों और प्रशासकों को सलाह दी है कि वे जमीनी स्तर पर कोविड-19 उपयुक्त व्यवहार को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देने का प्रयास करें और मास्क पहनने, हाथ की स्वच्छता और सोशल डिस्टेंसिंग को लागू करने के उपाय करें। यहां देखें कि विस्तार के बाद क्या फिर से खोलने की अनुमति है और क्या बंद रहता है:
कोरोना वायरस को लेकर देशव्यापी लॉकडाउन की घोषणा पहली बार 25 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की थी और इसे 31 मई तक चरणों में बढ़ाया गया था। देश में अनलॉक प्रक्रिया 1 जून को वाणिज्यिक, सामाजिक, धार्मिक और अन्य गतिविधियों को फिर से खोलने के साथ शुरू हुई थी।
मंत्रालय द्वारा यह घोषणा भारत द्वारा 100 करोड़ टीकाकरण का मील का पत्थर हासिल करने के कुछ दिनों बाद आई है। मंगलवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार बीते 24 घंटे की अवधि में भारत में कोरोना वायरस के मामलों की संख्या तीन महीने के बाद 40,000 से कम हो गई, जबकि इसी अवधि के दौरान दर्ज की गईं मौतें लगातार दूसरे दिन 500 से कम रहीं। भारत में एक दिन में 36,470 नए संक्रमण सामने आए, जबकि 488 नए लोगों की मौत के साथ मरने वालों की संख्या 1,19,502 हो गई है।