
Modi Cabinet Reshuffle: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कैबिनेट में फेरबदल की चर्चाएं पिछले काफी समय से चल रही है। हालांकि फेरबदल कब होगा, इसको लेकर बीजेपी की तरफ से कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। मीडिया रिपोर्ट्स और राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, मानसून सत्र से पहले मोदी कैबिनेट में फेरबदल देखने को मिल सकता है। इसमें कई नेताओं की छुट्टी हो सकती है, जबकि कई नेताओं का विभाग भी बदल सकता है। इसके अलावा हाल ही में अन्य दलों से NDA में आए नेताओं को भी मौका मिल सकता है।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, हरदीप सिंह पुरी, रवनीत सिंह बिट्टू, पंकज चौधरी, हर्ष मल्होत्रा और जॉर्ज कुरियन की कैबिनेट से छुट्टी हो सकती है। जबकि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और ज्योतिरादित्य सिंधिया का विभाग बदला जा सकता है।
बता दें कि अगले साल देश के 7 राज्यों में विधानसभा चुनाव होने है, ये राज्य हैं- गुजरात, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, गोवा, हिमाचल प्रदेश और मणिपुर। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड बीजेपी के लिए काफी अहम राज्य है। इसलिए इन राज्यों के नेताओं को कैबिनेट में ज्यादा महत्व दिया जा सकता है।
वहीं युवा चेहरों को भी प्राथमिकता दी जाएगी। वर्तमान में केंद्रीय कैबिनेट में करीब 8 मंत्री ऐसे हैं, जिनकी उम्र 70-80 साल की है। ऐसे में अटकलें लगाई जा रही है कि इन मंत्रियों को कैबिनेट में जगह नहीं मिल सकती है, क्योंकि एनडीए की नजर युवाओं पर है।
इसके अलावा केंद्रीय कैबिनेट में महिलाओं की भी संख्या बढ़ सकती है। सीसीएस में केवल निर्मला सीतारमण ही एकमात्र महिला मंत्री है। इसके अलावा कयास लगाए जा रहे हैं कि कुछ नौकरशाहों को भी केंद्रीय कैबिनेट में जगह मिल सकती है। निर्मला सीतारमण की जगह शक्तिकांत दास को वित्त मंत्री बनाया जा सकता है।
वहीं निर्मला सीतारमण को वित्त मंत्रालय से हटाकर शिक्षा मंत्रालय देने की चर्चा जोरों पर है। फिलहाल धर्मेंद्र प्रधान केंद्रीय शिक्षा मंत्री है। उनके कार्यकाल में नीट पेपर लीक और CBSE बोर्ड की कॉपी चेकिंग में गड़बड़ी समेत कई बड़ी लापरवाही हुई है। इसको लेकर मोदी सरकार पर विपक्ष ने जमकर निशाना साधा है। वहीं धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है।