JNU Violence: JNU विवाद पर JNU की वाइसी चांसलर ने कहा है कि रामनवमी के दिन कावेरी हॉस्टल में नॉनवेज नहीं बना था। जो हिंसक झड़प हुई वो बाहरी लोगों ने आकर संस्थान में की। इस मामले की जांच के लिए आदेश दे दिए गए है और जल्द ही बाहरी छात्रों की पहचान की जाएगी।
JNU रामनवमी के दिन हुई हिंसा के बाद से चर्चा में है। यहाँ रामनवमी के दिन नॉनवेज खाने से रोकने और पूजा में बाधा डालने के आरोप-प्रत्यारोप के चलते कावेरी होस्टल में छात्रों के बीच झड़प हुई थी, जिसमें कई छात्र घायल हुए थे। इस मामले को लेकर JNU की वाइस चांसलर प्रो शांतीश्री डी पंडित ने दावा किया है कि रामनवमी के दिन कावेरी होस्टल में नॉनवेज बना ही नहीं था। जो हिंसा हुई वो बाहर से आए छात्रों ने की। इस मामले को देखा जा रहा है और जल्द ही बाहरी छात्रों के बारे पता लगा लिया जाएगा। JNU की वाइस चांसलर प्रो शांतीश्री डी पंडित ने एक न्यूज चैनल से बातचीत में ये जानकारी दी। जब उनसे सवाल किया गया कि क्या सच में नॉन वेज बनाने से जेएनयू के कावेरी हॉस्टल में छात्रों को रोका जा रहा था?
इसपर जवाब देते हुए उन्होंने जानकारी दी कि वार्डन ने बताया किरामनवमी के दिन कावेरी हॉस्टल में नॉन वेज नहीं बना था पर बाकी 16 हॉस्टल में नॉन वेज बना था।"
JNU की वीसी ने कहा कि "क्या खाना बनेगा और क्या नहीं बनाना है ये ऐड्मिनिस्ट्रैशन के लोग तय नहीं करते हैं। ये वहाँ के छात्र की कमेटी, मेस सचिव, मेस कमेटी और होस्टेल के कुछ छात्र मिलकर ये निर्णय लेते हैं। उस दिन बाकी 16 हॉस्टल में कुछ नहीं हुआ लेकिन कावेरी हॉस्टल में दिक्कत हुई, शाम 7 बजे तक ऐड्मिनिस्ट्रैशन को मैसेज आए कि हॉस्टल में छात्रों के बीच दिक्कतें हैं। इसके बाद वार्डेन वाहन पहुंचे और स्पष्ट किया कि खाने की कोई बंदिश नहीं है जिस छात्र को जो खाना है वो कहा सकते हैं। इस दौरान इफ्तार पार्टी भी चल रही थी और राम नवमी के लिए हवं भी चल रहा था। सब शांति तरीके से बंद भी हो गया।"
उन्होंने आगे बताया कि "करीब 8:30 बजे बाहरी लोगों ने घुसपैठ कर हिंसा की। हमें जब ये पता चला तो काफी हैरान हुए क्योंकि हमने नहीं सोचा था कि ऐसा कुछ होगा। हमने इसके लिए इन्क्वारी बैठा दी है जो पता करेगी कि आखिर ये सब हुआ कैसे।"
JNU की वीसी ने कहा कि "हमने 11 बजे कावेरी हॉस्टल विज़िट किया और सभी छात्रों को आश्वासन दिया कि ये संस्था धर्मनिरपेक्ष है सभी छात्र बराबर हैं। हिंसा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।"
बता दें रामनवमी के दिन JNU के छात्रों के बीच हिंसक झड़प देखने को मिली थी जिसमें कई छात्र घायल भी हुए हैं। इस हिंसा को लेकर लेफ्ट विंग के छात्रों ने कहा कि उन्हेंABVP के छात्र उन्हें नॉन वेज खाने से रोक रहे थे। वहीं, AVBP के छात्रों का कहना था कि लेफ्ट के छात्र उन्हें पूजा करने से रोक रहे थे।
दोनों ही पक्षों ने एक दूसरे पर पथराव करने और अपने-अपने सदस्यों के घायल होने का आरोप लगाया था। किसी तरह इस मामले को शांत कराया गया। इस घटना पररजिस्टार ने कहा कि रामनवमी की पूजा को लेकर कुछ छात्रों ने विरोध किया था। अब इस मामले की जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि आखिर कइस कारणवश ये हिंसक झड़प हुई।