ओवल ऑफिस में जूतों के साइज को लेकर नई बहस छिड़ गई है, जब डोनाल्ड ट्रंप द्वारा दिए गए फ्लोर्शीम ऑक्सफोर्ड जूते मार्को रूबियो और जेडी वेंस के पैरों में ढीले नजर आए। इस घटना ने पुरुषों के जूते के साइज, फैशन, बाजार और मर्दानगी से जुड़े पुराने मिथकों पर चर्चा को फिर से हवा दे दी है।
मध्यकालीन यूरोप में रईसों के लंबे, नुकीले जूते अक्सर फैशन के साथ विवाद भी खड़े करते थे। अब कुछ वैसी ही दिलचस्प चर्चा अमरीकी सत्ता के केंद्र ओवल ऑफिस में जूतों को लेकर छिड़ी है। हाल की तस्वीरों में विदेश मंत्री मार्को रूबियो और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के काले ड्रेस शूज कुछ ढीले दिखाई दिए। जूते और पैर के बीच इतना फासला कि टखना जैसे भीतर झूलता नजर आया। बताया जाता है कि राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने अपने सहयोगियों को अचानक फ्लोर्शीम ब्रांड के ऑक्सफोर्ड जूते भेंट किए जिन्हें न केवल उन्होंने स्वीकार कर लिया बल्कि पहन भी लिया। मगर फैशन विशेषज्ञों का कहना है कि इन जूतों का फिट साफ तौर पर जरूरत से ज्यादा बड़ा लग रहा है। इससे पुरुषों के जूते की साइज को लेकर फैशन, मनोविज्ञान और बाजार—तीनों पर चर्चा छिड़ गई है। दरअसल जूतों के साइज का मामला उतना सीधा नहीं है, जितना यह नजर आता है - इसमें ब्रांड, बनावट और पुरुषों की अपनी धारणाएं भी भूमिका निभाती हैं।
रिपोर्टों के अनुसार, जेडी वेंस ने बताया कि उन्होंने, रूबियो और एक अन्य नेता ने राष्ट्रपति को अपने-अपने जूतों का साइज क्रमशः 13, 11.5 और 7 बताया था। ट्रंप ने तब टिप्पणी की थी कि 'किसी आदमी के बारे में बहुत कुछ उसके जूते के साइज से पता चलता है।' शोध बताते हैं कि जूते के आकार और शारीरिक संरचना के बीच कोई वैज्ञानिक संबंध नहीं होता। फिर भी पुरुषों की सामाजिक कल्पनाओं में यह मिथक लंबे समय से जीवित है।
बाटा शू म्यूजियम की क्यूरेटर एलिजाबेथ सेमेलहैक के अनुसार जूतों का आकार तय करने का कोई एक वैश्विक मानक नहीं है। अलग-अलग कंपनियां अपनी अलग प्रणाली अपनाती हैं। इसलिए एक ब्रांड का नंबर ‘9’ दूसरे में नंबर ‘10’ हो सकता है, जिससे उपभोक्ताओं के लिए सही फिट चुनना कठिन हो जाता है।
मेन्सवियर विशेषज्ञ बताते हैं कि फॉरमल चमड़े के जूते शुरू में कसे हुए होते हैं और पहनने के साथ ढीले पड़ते हैं। लेकिन रूबियो और वेंस के जूतों में दिखा बड़ा फासला सामान्य नहीं माना गया। कुछ विशेषज्ञ इसे साधारण ‘यूजर एरर’ यानी गलत साइज चुनने की गलती बताते हैं।