राष्ट्रीय

सामाजिक बोध जीवित रहे ये हमारा लक्ष्य होना चाहिए: गुलाब कोठारी

Patrika Keynote Event: पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चन्द्र कुलिश जी के जन्म शताब्दी पर्व के उपलक्ष में जयपुर में शनिवार शाम 5 बजे से 'पत्रिका की नोट' कार्यक्रम जारी है…
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Mar 21, 2026
Key note
पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव। लोकसभा स्पीकर ओम बिरला।

कर्पूर चंद्र कुलिश जन्मशती वर्ष: पत्रिका समूह के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूर चन्द्र कुलिश जी के जन्म शताब्दी पर्व के उपलक्ष में जयपुर में शनिवार शाम 5 बजे से 'पत्रिका की नोट' कार्यक्रम शुरू हो गया। समाचार पत्र विषयक इस कार्यक्रम में वर्तमान परिप्रेक्ष्य की चुनौतियों पर विचार-विमर्श किया जा रहा है। इस मौके पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस अजय रस्तोगी कार्यक्रम में बतौर विशिष्ट अतिथि उपस्थित हैं। वहीं पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी अपना वक्तव्य रखेंगे।

पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी ने 'पत्रिका की नोट' कार्यक्रम में कहा- “आज हमारी जीवन शैली बदल गई है। पहले सामाजिक संगठनों का जाल था। आज किसी भी सामाजिक स्वरूप का बचना मुश्किल है। आज हर व्यक्ति अकेला जी रहा है। आज सामाजिक कानून गायब हो गए हैं। लेकिन मुझे अभी भी लगता है कि अभी भी समय है कि सामाजिक बोध जीवित रहे। कई जगहो पर सामाजिक बोध जीवित हैं। अंग्रेज और मुगल जिसे नहीं हटा पाए उसे यह नई शिक्षा भी नहीं हटा पाए।

गुलाब कोठारी ने कहा कि मेरी लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से निवेदन है कि नई शिक्षा नीति में सरकार सामाजिक ढांचे को बरकरार रखने के तौर तरीके जोड़े। उन्होंने कहा कि आज सामाचार पत्रों की सबसे बड़ी चुनौती यही है कि पाठकों के मानवीयता बचाई जाए। हर आदमी को जिंदगी से जोड़ने का क्रम है, उसे बचाना होगा। उन्होंने कहा कि आज स्थानीय स्तर की सामाजिकता को पाठ्यक्रम में शामिल नहीं किया जाता। हम शिक्षा के बारे में नवाचार और नई नीतियों की बात करते हैं तो उसमें माटी का मान-सम्मान का उल्लेख रखे। तब ही समाचार पत्र हो या शिक्षा हो उसकी विश्वसनीयता बनी रहेगी।

Updated on:
21 Mar 2026 06:05 pm
Published on:
21 Mar 2026 05:35 pm