Puri Stampede: सीएम माझी भगवान जगन्नाथ के भक्तों से इस हादसे के लिए माफी भी मांगी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा- 'मैं और मेरी सरकार सभी जगन्नाथ भक्तों से क्षमा मांगते हैं।
Puri Stampede: पुरी रथ यात्रा भगदड़ मामले में प्रदेश सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है। इस हादसे के बाद सरकार ने जिला कलेक्टर और SP का तबादला कर दिया है। इसके अलावा DCP विष्णु पति और कमांडेंट अजय पाधी को ड्यूटी में लापरवाही के लिए निलंबित कर दिया है। वहीं प्रदेश सरकार ने मृतकों के परिवार के लिए मुआवजे का भी ऐलान किया है। सीएम ने प्रत्येक मृतक श्रद्धालु के परिजनों को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री ने विकास आयुक्त की देखरेख में विस्तृत प्रशासनिक जांच के आदेश दिए हैं। चंचल राणा को नया जिला कलेक्टर नियुक्त किया गया है, जबकि पिनाक मिश्रा ने नए SP का कार्यभार संभाला है।
बता दें कि पुरी में रविवार को गुंडिचा मंदिर के पास सरधाबली क्षेत्र में सुबह भारी भीड़ के कारण भगदड़ मच गई, जिसमें तीन श्रद्धालुओं की मृत्यु हो गई और 50 अन्य घायल हो गए। मृतकों की पहचान प्रेमकांत मोहंती, बसंती साहू और प्रभावती दास के रूप में हुई है, जो सभी खुरदा जिले के निवासी थे।
सीएम माझी भगवान जगन्नाथ के भक्तों से इस हादसे के लिए माफी भी मांगी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा- 'मैं और मेरी सरकार सभी जगन्नाथ भक्तों से क्षमा मांगते हैं। हम भगदड़ में अपनी जान गंवाई वाले श्रद्धालुओं के परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हैं। महाप्रभु जगन्नाथ से प्रार्थना करते हैं कि वे उन्हें इस दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने इस घटना को सरकार की "घोर अक्षमता" का परिणाम बताया और भीड़ प्रबंधन में विफलता की कड़ी आलोचना की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर इस घटना के लिए दुख जताया। उन्होंने लिखा- पुरी के शारदाबली में हुई भगदड़ में जान गंवाने वाले तीन श्रद्धालुओं के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं और घायल श्रद्धालुओं के शीघ्र स्वस्थ होने के लिए महाप्रभु जगन्नाथ से प्रार्थना करता हूं। वहीं पुरी के गजपति महाराज दिव्यसिंह देब ने भी तत्काल जांच की मांग की।