
वडोदरा। शहर के किशनवाड़ी क्षेत्र में पैसों के लेनदेन के विवाद में चाकू और खंजर से हमला कर राजस्थान के मूल निवासी युवक सुमित वणझारा की हत्या कर दी गई। जानकारी के अनुसार किशनवाड़ी स्थित भानुप्रताप सोसायटी निवासी विक्रम वणझारा के पुत्र सुमित पर सोमवार देर रात जानलेवा हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल सुमित को सयाजी अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मृतक के पिता विक्रम ने बताया कि उनका पुत्र मूल रूप से राजस्थान में रहता था और उनसे मिलने वडोदरा आया था। मंगलवार को उसे वापस छोड़ने जाना था, लेकिन उससे पहले ही सोमवार रात को उसकी हत्या कर दी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि लक्ष्मीनगर निवासी एक व्यक्ति से उन्हें पैसे लेने थे। उसने रात करीब साढ़े आठ बजे उन्हें पानी की टंकी के पास बुलाया। वहां पहुंचते ही 10 से 12 लोगों ने उन पर हमला कर दिया। जान बचाकर भागने पर हमलावरों ने किशनवाड़ी वुडा आवास के पास खुले मैदान में उन्हें चारों ओर से घेर लिया।
परिजनों के अनुसार, आरोपियों ने पहले विक्रम के साथ मारपीट की और फिर उनके पुत्र सुमित को अलग ले जाकर खंजर और चाकू से ताबड़तोड़ वार किए। हमले में उनका दूसरा बेटा भी घायल हुआ। सुमित गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर गिर पड़ा। उसे तत्काल सयाजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। परिजनों ने आरोप लगाया है कि हमले में लक्ष्मीनगर निवासी रमेश, विक्रम, विनोद, धमाभाई, विष्णुभाई, कालू, अजय समेत 10 से 12 लोग शामिल थे। अस्पताल में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजनों ने पुलिस से सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। बापोद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर किया।
घटना के बाद मृतक के परिवार ने सभी आरोपियों की गिरफ्तारी तक शव लेने से इनकार कर दिया था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नौ आरोपियों को हिरासत में लिया, जिसके बाद परिजनों ने शव स्वीकार किया। बापोद थाना पुलिस ने हत्या सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और पूरे मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पुलिस जांच में सामने आया कि कारोबार में हुए करीब एक लाख रुपए के लेन-देन को लेकर दो पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। सोमवार रात दोनों पक्ष इस मामले को सुलझाने के लिए आमने-सामने बैठे, लेकिन बातचीत के दौरान कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद हिंसक हो गया।