
Shehzad Poonawalla Leaves BJP: भारतीय राजनीति के सबसे मुखर और तेजतर्रार युवा चेहरों में शुमार शहजाद पूनावाला ने भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता पद से इस्तीफा दे दिया है। सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व को अपना त्यागपत्र सौंप दिया है, जिसमें इस्तीफा देने की वजह व्यक्तिगत कारण बताई गई है।
हालांकि, इस संबंध में अब तक बीजेपी या शहजाद पूनावाला की ओर से कोई आधिकारिक सार्वजनिक बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन उनके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' के प्रोफाइल बदलाव ने इस खबर पर मुहर लगा दी है।
गुरुवार को शहजाद पूनावाला ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट का बायो अपडेट किया। नए बायो में 'राष्ट्रीय प्रवक्ता, बीजेपी' का कोई जिक्र नहीं है। इसके बजाय उन्होंने लिखा:
"धर्म: इस्लाम, संस्कृति: हिंदू, विचारधारा: भारतीय। लेखक: GST की यात्रा; पीएम नरेंद्र मोदी का आजीवन अनुयायी (Lifelong follower of PM Narendra Modi)।"
इस बदलाव से साफ है कि संगठन से अलग होने के बावजूद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति उनकी निष्ठा और समर्थन जस का तस बना हुआ है।
शहजाद ने बीते कुछ हफ्तों में अपने पुराने इंटरव्यूज के कई क्लिप्स री-शेयर किए थे, जिनमें वे सक्रिय राजनीति को अलविदा कहने की बात कर रहे थे:
2024 चुनावों के बाद का प्लान: उन्होंने एक क्लिप शेयर करते हुए कहा था कि उन्होंने 2024 के लोकसभा चुनावों के बाद ही सक्रिय राजनीति छोड़ने का मन बना लिया था। हालांकि, दिल्ली, हरियाणा, बिहार, बंगाल और महाराष्ट्र जैसे राज्यों के अहम चुनावों के कारण वे रुके रहे।
चुनावी राजनीति से इतर योगदान: जनवरी 2025 के एक वीडियो क्लिप में शहजाद कहते सुने जा सकते हैं कि "चुनावी लक्ष्य और राजनीतिक योगदान दो अलग चीजें हैं। यह सोचना भूल है कि केवल सांसद या जनप्रतिनिधि बनकर ही समाज सेवा की जा सकती है। सिस्टम से बाहर रहकर भी देश के लिए योगदान दिया जा सकता है।"
शहजाद पूनावाला का राजनीतिक करियर काफी दिलचस्प और उतार-चढ़ाव भरा रहा है:
कांग्रेस से बगावत (2017)
पेशे से वकील और नागरिक अधिकार कार्यकर्ता शहजाद ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत कांग्रेस पार्टी से की थी। साल 2017 में कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए उन्होंने वंशवाद के खिलाफ खुलकर बगावत कर दी थी। इसके बाद उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया था।
बीजेपी में उभार और जिम्मेदारी
कांग्रेस छोड़ने के बाद वे बीजेपी में शामिल हुए। टीवी डिबेट्स में बीजेपी का पक्ष मजबूती से रखने और विपक्षी दलों (विशेषकर राहुल गांधी और कांग्रेस) पर आक्रामक हमले बोलने के कारण उन्हें पार्टी ने राष्ट्रीय प्रवक्ता जैसी अहम जिम्मेदारी सौंपी। इसके अलावा, साल 2021 में उन्हें दिल्ली बीजेपी के सोशल मीडिया विंग का प्रभारी भी बनाया गया था।