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भारत के श्रीहरिकोटा रॉकेट पोर्ट से सिंगापुर की 2 सैटेलाइट TeLEOS-2 और Lumelite-4 लॉन्च

भारत के श्रीहरिकोटा से सिंगापुर की 2 सैटेलाइट लॉन्च की गई। पीएसएलवी रॉकेट से सिंगापुर के 2 सैटेलाइट की लॉन्चिंग हुई। सिंगापुर के इन्फोकॉम रिसर्च इंस्टीट्यूट और नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर के सैटेलाइट टेक्नोलॉजी एंड रिसर्च सेंटर की साझेदारी में बनाया गया है। इसका उद्देश्य सिंगापुर की ई-नेविगेशन समुद्री सुरक्षा को बढ़ाना है।
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Updated: 22 Apr 2023, 3:29 PM IST
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भारत के श्रीहरिकोटा रॉकेट पोर्ट से सिंगापुर की 2 सैटेलाइट TeLEOS-2 और Lumelite-4 लॉन्च

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने शनिवार दोपहर को PSLV-C55 रॉकेट से सिंगापुर के दो सैटेलाइट टेलीओएस-2 और ल्यूमलाइट-4 सफलतापूर्वक लॉन्च किए। आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से इन सैटेलाइटों को पृथ्वी की निचली कक्षा में स्थापित किया गया। इन दोनों सैटेलाइट के साथ POEM ने भी उड़ान भरी। POEM अंतरिक्ष के वैक्यूम (निर्वात) में कुछ टेस्टिंग करेगा। यह PSLV की 57वीं उड़ान थी। इस मिशन को टेलीओएस-2 मिशन नाम दिया गया है। इस लॉन्चिंग के साथ ही ऑर्बिट में भेजे गए विदेशी सैटेलाइट की कुल संख्या 424 हो गई है।

POEM के बारे में जानें

POEM का पूरा नाम पीएसएलवी ऑरबिटल एक्सपेरिमेंटल मॉड्यूल है। पीएसएलवी चार स्टेज वाला रॉकेट है। इसके तीन स्टेज तो समुद्र में गिर जाते हैं। चौथी स्टेज जिसे PS4 भी कहते हैं, सैटेलाइट को अपनी कक्षा में पहुंचाने के बाद अंतरिक्ष का कचरा भर रह जाता है। अब इसी के ऊपर प्रयोग करने के लिए POEM का इस्तेमाल किया जाएगा। ऐसा चौथी बार किया जा रहा है।

ल्यूमलाइट-4 क्या है जानें ?

सिंगापुर के इन्फोकॉम रिसर्च इंस्टीट्यट और नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर के सैटेलाइट टेक्नोलॉजी एंड रिसर्च सेंटर की साझेदारी में बनाया गया है। इसका उद्देश्य सिंगापुर की ई-नेविगेशन समुद्री सुरक्षा को बढ़ाना और ग्लोबल शिपिंग कम्युनिटी को फायदा पहुंचाना है।

टेलीओएस-2 क्या है जानें?

टेलीओएस-2 एक टेली कम्युनिकेशन सैटेलाइट है। सिंगापुर सरकार ने इंजीनियरिंग छात्रों की मदद से तैयार किया है। यह 741 किलो वजनी है। यह आपदा प्रबंधन से जुड़ी सूचना देगा।

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22 Apr 2023, 3:29 PM IST
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