एपी सिंह ने कहा कि समयसीमा एक बड़ा मुद्दा है। मुझे लगता है कि एक भी परियोजना समय पर पूरी नहीं हुई है। यह ऐसी चीज है जिस पर हमें गौर करना होगा।
Indian air force: एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने गुरुवार को रक्षा परियोजनाओं में लगातार हो रही देरी पर चिंता जताई। एयर चीफ के अनुसार देरी ने कई प्रमुख परियोजनाओं को प्रभावित किया है, जिसमें तेजस एमके1ए लड़ाकू विमान भी शामिल है। उन्होंने कहा कि तीन साल पहले उच्च मूल्य के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए जाने के बावजूद अभी तक डिलीवर नहीं हुआ है। एपी सिंह ने बताया कि तेजस एमके1 की डिलीवरी में देरी हो रही है। तेजस एमके2 का प्रोटोटाइप अभी तक रोल आउट नहीं हुआ है। स्टील्थ एएमसीए फाइटर का अभी तक कोई प्रोटोटाइप नहीं है।
एपी सिंह ने कहा कि समयसीमा एक बड़ा मुद्दा है। मुझे लगता है कि एक भी परियोजना समय पर पूरी नहीं हुई है। यह ऐसी चीज है जिस पर हमें गौर करना होगा। उन्होंने आगे कहा, "हम ऐसा वादा क्यों करें जो पूरा नहीं हो सकता? अनुबंध पर हस्ताक्षर करते समय ही कई बार हमें यकीन हो जाता है कि यह पूरा नहीं होगा। लेकिन हम अनुबंध पर हस्ताक्षर कर देते हैं। इसके बाद प्रक्रिया खराब हो जाती है।
इस दौरान एयर चीफ मार्शल ने ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर एक राष्ट्रीय जीत है। मैं देश के लोगों को धन्यवाद देता हूं, यह एक ऐसा ऑपरेशन था जिसे सभी लोगों, एजेंसियों और सभी बलों द्वारा पेशेवर तरीके से अंजाम दिया गया। उन्होंने कहा कि जब सत्य आपके पक्ष में होता है तो चीजें अपने आप घटित होती हैं।
एयर चीफ मार्शल ने ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए कहा कि पाकिस्तान में 9 आतंकी शिविरों पर सटीक हमला किया गया। वहीं एयर मार्शल ने सभी हितधारकों - सेना, नौसेना, वायु सेना, उद्योग और डीआरडीओ- से राष्ट्रीय सुरक्षा श्रृंखला में मजबूत कड़ी बने रहने का आग्रह किया।
बता दें कि एयर चीफ मार्शल की रक्षा उत्पादन को लेकर यह पहली टिप्पणी नहीं है। इससे पहले पिछले साल अक्टूबर में भी उन्होंने कहा था कि भारत एक समय सैन्य तकनीक के मामले में चीन से आगे था, लेकिन अब पिछड़ गया है। साथ ही उन्होंने कहा था कि जहां तक उत्पादन दरों का सवाल है, हम बहुत पीछे हैं। हमें आगे बढ़ने की जरूरत है।