नीमच

इस योजना से ग्रामीणों को मिल रहा रोजगार का संबल

महिलाओं और श्रमिक परिवारों को मिलेगा सीधा लाभ, मुख्यमंत्री तेंदूपत्ता संग्राहक कल्याण सहायता योजना का मनासा वन क्षेत्र में तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य का शुभारंभ, तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य गरीब, श्रमिक और वनोपज पर निर्भर परिवारों के लिए आय का एक मजबूत माध्यम

2 min read
May 23, 2026
महिलाओं और श्रमिक परिवारों को मिलेगा सीधा लाभ, मुख्यमंत्री तेंदूपत्ता संग्राहक कल्याण सहायता योजना का मनासा वन क्षेत्र में तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य का शुभारंभ,

नीमच/मनासा. वन क्षेत्र में मुख्यमंत्री तेंदूपत्ता संग्राहक कल्याण सहायता योजना के अंतर्गत वन विभाग की चीताखेड़ा समिति के माध्यम से तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य का विधिवत शुभारंभ कर दिया गया है।

इस योजना को ग्रामीण अंचलों में आर्थिक सशक्तिकरण और रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। वन विभाग मनासा के एसडीओ दशरथ अखंड ने जानकारी देते हुए बताया कि तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य गरीब, श्रमिक और वनोपज पर निर्भर परिवारों के लिए आय का एक मजबूत माध्यम है।

ये भी पढ़ें

नीमच में नशे के रूप में दुरुपयोग होने वाली दवाओं पर प्रशासन का शिकंजा

‘हर हाथ को काम’
शासन का उद्देश्य उपलब्ध कराना ‘हर हाथ को काम’ तथा ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करना है। उन्होंने क्षेत्र के अधिक से अधिक ग्रामीणों से इस कार्य में भागीदारी कर रोजगार सुनिश्चित करने की अपील की।

महिलाओं के खातों में पहुंचेगा सीधा लाभ.
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा तेंदूपत्ता संग्राहकों को पारदर्शी तरीके से लाभ पहुंचाने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। योजना के अंतर्गत संग्राहकों को मिलने वाली मजदूरी और बोनस राशि सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है। इससे भ्रष्टाचार पर रोक लगने के साथ ही श्रमिकों को उनकी मेहनत का पूरा पारिश्रमिक मिल सकेगा। एसडीओ दशरथ अखंड ने बताया कि कार्य में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखने के लिए वन विभाग द्वारा पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, ताकि प्रत्येक संग्राहक को उसकी मेहनत का उचित मूल्य प्राप्त हो सके।

बढ़ा पारिश्रमिक, बोनस और आवश्यक सुविधाएं
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा तेंदूपत्ता संग्राहकों के हित में पारिश्रमिक दर बढ़ाकर 4 हजार रुपए प्रति मानक बोरा कर दी गई है। इसके अलावा समय समय पर बोनस राशि भी वितरित की जाती है। संग्राहकों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए शासन द्वारा जूते, चप्पल, पानी की कुप्पी तथा महिलाओं को साडिय़ां भी उपलब्ध कराई जाती हैं, जिससे जंगलों में कार्य करते समय उन्हें धूप और कांटों से सुरक्षा मिल सके।

नीमच जिले में 2350 मानक बोरा संग्रहण का लक्ष्य
नीमच जिले में तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य चीताखेड़ा समिति के माध्यम से संचालित किया जाता है। इस वर्ष समिति द्वारा नीमच एवं मनासा रेंज से 2350 मानक बोरा तेंदूपत्ता संग्रहण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। तेंदूपत्ता संग्रहण में 100 पत्तों की एक गड्डी का भुगतान 400 रुपए निर्धारित किया गया है। शासन का प्रयास है कि अधिक से अधिक ग्रामीण इस योजना से जुड़ें और रोजगार के साथ साथ आर्थिक लाभ प्राप्त करें। वन विभाग का मानना है कि यह योजना न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करेगी, बल्कि वन क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों के जीवन स्तर को भी बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होगी।

ये भी पढ़ें

नीमच में नशे के रूप में दुरुपयोग होने वाली दवाओं पर प्रशासन का शिकंजा
Published on:
23 May 2026 02:12 pm
Also Read
View All